Хаттии кони сарви боло май дарорад

خطی کان سرو بالا می‌درآرد

Барои куштани мо май дарорад

برای کشتن ما می‌درآرد

Ба зебои гули сурхаш ба инсоф

به زیبایی گل سرخش به انصاف

Хаттии сарсабзи зебо май дарорад

خطی سرسبز زیبا می‌درآرد

Бигард рӯй ҳамчун моҳи гӯйӣ

بگرد روی همچون ماه گویی

Ҳилолии ънбросо май дарорад

هلالی عنبرآسا می‌درآرد

Парии руъё кунун маншури ҳасанат

پری رویا کنون منشور حسنت

зи хати сабзи тғро май дарорад

ز خط سبز طغرا می‌درآرد

Азин пас бо ту рангам дар нагирад

ازین پس با تو رنگم در نگیرد

Ки лаълати ранги мино май дарорад

که لعلت رنگ مینا می‌درآرد

Ҳар он рангӣ ки пинҳон май сириштӣ

هر آن رنگی که پنهان می‌سرشتی

Кунун рӯй ту пайдо май дарорад

کنون روی تو پیدا می‌درآرد

Ҳар он киштӣ ки ман бар хушк ронадам

هر آن کشتی که من بر خشک راندم

Кунун чашмам ба дарё май дарорад

کنون چشمم به دریا می‌درآرد

Ба туркии ҳиндӯии зулфи ту ҳар дам

به ترکی هندوی زلف تو هر دم

Дилии дигари зи яғмо май дарорад

دلی دیگر ز یغما می‌درآرد

Сари зулфат ки ҷонҳо дахл дорад

سر زلفت که جان ها دخل دارد

Чунин дахлӣ ба танҳо май дарорад

چنین دخلی به تنها می‌درآرد

Вале бар пуштӣ рӯй чу моҳат

ولی بر پشتی روی چو ماهت

Басои касро ки аз по май дарорад

بسا کس را که از پا می‌درآرد

Фарид аз дасти зулфат кӣ баради сар

فرید از دست زلفت کی برد سر

Ки зулфати сар ба ғавғо май дарорад

که زلفت سر به غوغا می‌درآرد

Хониш
ғзл шморҳ 179 — ъндлӣб