Шикани зулф чу зуннори бутам пайдо шуд
شکن زلف چو زنار بتم پیدا شد
Пери мо хирқаи худ чок зад ва тарсо шуд
پیر ما خرقهٔ خود چاک زد و ترسا شد
Ақл аз турра ӯ наъраи занони маҷнӯни гашт
عقل از طرهٔ او نعرهزنان مجنون گشت
Рӯҳ аз ҳалқа ӯ рақси кунон расво шуд
روح از حلقهٔ او رقصکنان رسوا شد
То ки он шамъи ҷаҳон парда барафканад аз рӯй
تا که آن شمع جهان پرده برافکند از روی
Баси дилу ҷон ки чу парвонаи но парво шуд
بس دل و جان که چو پروانهٔ نا پروا شد
Ҳар ки имрӯзи мъоиинаҳи рух ёр надид
هر که امروز معایینه رخ یار ندید
Тифл роҳаст агар мунтазир фардо шуд
طفل راه است اگر منتظر فردا شد
Ҳамаи сарсабзии савдоӣ Рахш ме хоҳам
همه سرسبزی سودای رخش میخواهم
Ки ҳамаи умри ман андари сари ин савдо шуд
که همه عمر من اندر سر این سودا شد
Соқиои ҷом май ишқи паёпаии дарда
ساقیا جام می عشق پیاپی درده
Ки дилам аз май ишқи ту сар ғавғо шуд
که دلم از می عشق تو سر غوغا شد
На чаҳ ҳоҷат ба шароби ту ки худ ҷони зи аласт
نه چه حاجت به شراب تو که خود جان ز الست
Маст омад ба вуҷӯд аз адам ва шайдо шуд
مست آمد به وجود از عدم و شیدا شد
Ъошқо ҳастӣ худ дар раҳ маъшӯқ бибоз
عاشقا هستی خود در ره معشوق بباز
Зонка бо ҳастӣ худ менатавон онҷо шуд
زانکه با هستی خود مینتوان آنجا شد
Рӯй саҳро чу ҳамаи партав хуршед гирифт
روی صحرا چو همه پرتو خورشید گرفت
Кӣ тавонад нафасӣ соя бидон саҳро шуд
کی تواند نفسی سایه بدان صحرا شد
Қатрае беш нае чанд зи хеши андешӣ
قطرهای بیش نهای چند ز خویش اندیشی
Қатрае чбўд агар гум шуд вагар пайдо шуд
قطرهای چبود اگر گم شد و گر پیدا شد
Буду нобӯди ту як қатра обаст ҳаме
بود و نابود تو یک قطرهٔ آب است همی
Ки зи дарё ба канор омад ва бо дарё шуд
که ز دریا به کنار آمد و با دریا شد
Ҳарчӣ ғайраст зи тавҳид ба кули майли кашам
هرچه غیر است ز توحید به کل میل کشم
Зонка чашму дили аттор ба кул бино шуд
زانکه چشم و دل عطار به کل بینا شد