Дӯши кони шамъ некӯон бархест
دوش کان شمع نیکوان برخاست
Нола аз пер ва аз ҷавон бархест
ناله از پیر و از جوان برخاست
Гули сурхи Рахш чу акси андохт
گل سرخ رخش چو عکس انداخت
Ҷӯши оташи з арғавон бархест
جوش آتش ز ارغوان برخاست
Офтобӣ ки хоҷа тоаш ма аст
آفتابی که خواجهتاش مه است
Ба ғуломяш мадҳ хон бархест
به غلامیش مدح خوان برخاست
Аз ғами ҷоми хусравии лабаш
از غم جام خسروی لبش
Шӯр аз ҷон хусравон бархест
شور از جان خسروان برخاست
Рӯй бикшод то з ҳар мӯем
روی بگشاد تا ز هر مویم
Сад нигаҳбону дида бон бархест
صد نگهبان و دیدهبان برخاست
Ёрб аз тоби зулфи ҳиндӯӣ ӯ
یارب از تاب زلف هندوی او
Чаҳ қиёмати з ҳиндӯон бархест
چه قیامت ز هندوان برخاست
Машк аз чин зулф ме ифшоанд
مشک از چین زلف میافشاند
Оҳ аз ноф оҳӯон бархест
آه از ناف آهوان برخاست
Чашми ҷодӯаши оташӣ дар зад
چشم جادوش آتشی در زد
Дӯд аз мағз ҷодӯон бархест
دود از مغز جادوان برخاست
Фитнае кон нишаста буд тамом
فتنهای کان نشسته بود تمام
Боз аз он моҳ меҳрбон бархест
باز از آن ماه مهربان برخاست
Пеш ман омад ва забон бикшод
پیش من آمد و زبان بگشاد
Гуфт Юсуфи з корвон бархест
گفت یوسف ز کاروان برخاست
Дил ба ман даҳ кигар ба ҳақи гӯйӣ
دل به من ده که گر به حق گویی
Дар ғами ман зи ҷон тавон бархест
در غم من ز جان توان برخاست
Дил чу рӯйиш бидид дуздида
دل چو رویش بدید دزدیده
Бигурехт аз ман ва давон бархест
بگریخت از من و دوان برخاست
Оташ рӯй ӯ бидид ва бсухт
آتش روی او بدید و بسوخت
Ба таҷаллӣ чу он шубон бархест
به تجلی چو آن شبان برخاست
ӯ чу султон ба зер парда нишаст
او چو سلطان به زیر پرده نشست
Дил танҳо чу посбон бархест
دل تنها چو پاسبان برخاست
Чун ҳамаи умри хеши як мижа зад
چون همه عمر خویش یک مژه زد
Ҳамаи мағзаши з устихон бархест
همه مغزش ز استخوان برخاست
Натавон кард шарҳ каз чаҳ сифат
نتوان کرد شرح کز چه صفت
Дили аттор нотавон бархест
دل عطار ناتوان برخاست