Яке тарсои мусулмони гашту пирӯз

یکی ترسا مسلمان گشت و پیروز

Бамӣ хӯрдан шуд он ҷоҳил дигар рӯз

بمی خوردن شد آن جاهل دگر روز

Чу модар маст дид ӯро зи дардӣ

چو مادر مست دید او را ز دردی

Бадв гуфт эй писари охир чаҳ кардӣ

بدو گفت ای پسر آخر چه کردی

Ки шуд озурдаи исои зуди азтў

که شد آزرده عیسی زود ازتو

Муҳамад ношудаи хушнӯд аз ту

محمّد ناشده خشنود از تو

Мхнси вор рафтани раҳ накӯ нест

مخنّث وار رفتن ره نکو نیست

Ки ҳар раънои мизоҷии мард ӯ нест

که هر رعنا مزاجی مرد او نیست

Бамурдӣ рӯ дарон динӣ ки ҳастӣ

بمردی رَو دران دینی که هستی

Ки номрдист дар дайни бути парастӣ

که نامردیست در دین بت پرستی