Бсдраҳи номае оғоз кардам
به صدره نامهای آغاز کردم
Гирифтам калаку коғаз боз кардам
گرفتم کلک و کاغذ باز کردم
зи оҳи оташинам нома месӯхт
ز آه آتشینم نامه میسوخت
зи сўзномаҳи даст ва хома месӯхт
ز سوز نامه دست و خامه میسوخت
зи ашками олимии тӯфони расида
ز اشکم عالمی توفان رسیده
Ҷаҳонии оташам аз ҷони дамида
جهانی آتشم از جان دمیده
Гуҳи оташ бо фалак боло гирифтӣ
گه آتش با فلک بالا گرفتی
Гуҳ аз ашками замин дарё гирифтӣ
گه از اشکم زمین دریا گرفتی
Миёни обу оташи чокари ту
میان آب و آتش چاکر تو
Чигуна номаи бинависад бар ту
چگونه نامه بنویسد برِ تو
Валикини мардуми чашмами ъФии аллоҳ
ولیکن مردم چشمم عفی اللّه
зи хӯн дил навишт ин хати дилхоҳ
ز خون دل نوشت این خط دلخواه
Сиёҳиро бхўни дидаи бсршт
سیاهی را به خون دیده بسرشت
Ҳамаи номаи бнўк мижа бинвишт
همه نامه به نوک مژّه بنوشت
Суханҳо зон чу об зар баландаст
سخنها زآن چو آب زر بلندست
Ки рӯй ман бар он акси аўФгндст
که روی من بر آن عکس اوفگندهست
Ҳамаи маънӣ ӯ чун дар аз онаст
همه معنی او چون دُر از آن است
Ки чашмам бар сари он дрФшонст
که چشمم بر سر آن دُرفشان است
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки пайваст
عفی اللّه مردم چشمم که پیوست
Бзири парда бе рӯй ту бинишаст
به زیر پرده بی روی تو بنشست
Нмиоиди зи зери пардаи берун
نمیآید ز زیر پرده بیرون
Сияҳи пӯшида ва бинишаста дар хӯн
سیه پوشیده و بنشسته در خون
Чўлолаҳ бар сиёҳии роҳи баста
چو لاله بر سیاهی راه بسته
Миёни хӯн ва торикӣ нишаста
میان خون و تاریکی نشسته
Бхрсндӣ шуда дар зери парда
به خرسندی شده در زیر پرده
Ҳамаи хунобау пиҳи обаи хӯрда
همه خونابه و پیه آبه خورده
Ғалат гуфтам ки пиҳ оба нахурдааст
غلط گفتم که پیه آبه نخَوردهست
Ки битўи дасти сӯй он накардааст
که بی تو دست سوی آن نکردهست
Дилам дар косаи сари сад ҳаваси пухт
دلم در کاسهٔ سر صد هوس پخت
Ки топиаҳи оба ӣӣ бе ҳамнафаси пухт
که تا پیه آبهای بی همنفس پخت
Чу ту ҳозир набӯдӣ хираи дармонд
چو تو حاضر نبودی خیره درماند
Ҳамаи пиҳи оба бар рӯй ман ифшоанд
همه پیه آبه بر روی من افشاند
Надонад хӯрд як пиҳи оба бе ту
نداند خورد یک پیه آبه بی تو
Шуда чун моҳе бартоба бе ту
شده چون ماهیی بر تابه بی تو
Макун ҷавру ҷафои хештани байн
مکن جور و جفای خویشتن بین
Вафоу мардумӣ аз чашми ман байн
وفا و مردمی از چشم من بین
Гирифтӣ торами дили ҷои охир
گرفتی طارم دل جای آخر
Бтоқи мардуми чашми ои охир
به طاق مردم چشم آی آخر
Ки то пиҳи обаеи оради турои пеш
که تا پیه آبهای آرد ترا پیش
Хӯрд дар пеши ту пиҳи обаи хеш
خورد در پیش تو پیه آبهٔ خویش
зи шӯри ҷонам эй ҳмхўобаҳи ман
ز شور جانم ای همخوابهٔ من
Намак дорад басии пиҳи обаи ман
نمک دارد بسی پیه آبهٔ من
Сӯии ман гар кунӣ як тохтан ту
سوی من گر کنی یک تاختن تو
Азон пиҳи обаи шўрорӣ чу ман ту
از آن پیه آبه شور آری چو من تو
Ғалат гуфтам ту шоҳи рӯзгорӣ
غلط گفتم تو شاه روزگاری
Сари пиҳи обаи мо май надорӣ
سر پیه آبهٔ ما مینداری
Агар пиҳи оба ӣӣ созад гадоӣ
اگر پیه آبهای سازد گدایی
Кӣ ояд миҳмонаши подшоиӣ
کی آید میهمانش پادشایی
Агар рағбат кунӣ пиҳ оба бигзор
اگر رغبت کنی پیه آبه بگذار
зи дили созами кабобат эй ҷигари хор
ز دل سازم کبابت ای جگر خوار
Ҷигари гӯшаи туе дили пораи дорӣ
جگر گوشه تویی دل پاره داری
Бихӯр дил низ чун хунхораи дорӣ
بخور دل نیز چون خونخواره داری
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки пайваст
عفی اللّه مردم چشمم که پیوست
Миёни каффаи хӯн битў бинишаст
میان کفّهٔ خون بی تو بنشست
Намайдонӣ ки бо ин каффаи хӯн
نمیدانی که با این کفّهٔ خون
Бхўни ғарқа чаҳ нақдии синҷид акнӯн
به خون غرقه چه نقدی سنجد اکنون
Гар ӯро ҳаст нақди умр дар хур
گر او را هست نقد عمر درخَور
Басаши нақдии бўҷаҳ аз ваҷҳи ман бар
بسش نقدی به وجه از وجه من بر
зи бас кин каффа аз дили ҷӯй хӯн ёфт
ز بس کاین کفّه از دل جوی خون یافت
Ҳазорон риштаи хунин фузун ёфт
هزاران رشتهٔ خونین فزون یافت
Кунун ӯ каффау хӯн ришта дорад
کنون او کفّه و خون رشته دارد
Тарозуеи бхўн оғишта дорад
ترازویی به خون آغشته دارد
Забона чун з дил ёфт ин тарозу
زبانه چون ز دل یافت این ترازو
Буд дар чашми пайваста чу абрӯ
بود در چشم پیوسته چو ابرو
Чу чандини чашма хӯн мекунад ӯ
چو چندین چشمهٔ خون میکند او
Чаҳ месинҷид бадв чун мекунад ӯ
چه میسنجد بدو چون میکند او
Гарм аз хӯн набӯдӣ чашми пар дар
گرم از خون نبودی چشم پر در
Бар абрӯи снҷмии якбори дигар
بر ابرو سنجمی یکبار دیگر
Агар ин чашмаи гардун кам намӯдӣ
اگر این چشمه گردون کم نمودی
Дўобўдӣ ки бртўўзн будӣ
دوا بودی که برتو وزن بودی
Чу чашма мекунад вазнӣ надорад
چو چشمه میکند وزنی ندارد
Чаҳ каффааст инки вазнии минёрд
چه کفه است اینکه وزنی مینیارد
Чу аз чашмами ҳазорон чашмаи боРом
چو از چشمم هزاران چشمه بارم
Замини дили ҳамаи тухми ту корам
زمین دل همه تخم تو کارم
Марои зини чашмаи хӯни сад шохи хезад
مرا زین چشمه خون صد شاخ خیزد
Раво набӯд агар брхоки резад
روا نبود اگر برخاک ریزد
Замин дил барон чашмаи бакорам
زمین دل بر آن چشمه بکارم
Агар обӣ басар ояд баборам
اگر آبی به سر آید ببارم
Чу киштамро шавад хирмани расида
چو کِشتم را شود خرمن رسیده
Збоди сарди гардонами дамида
ز باد سردِ گردانم دمیده
Ҳазорон дона бар чашмам кунад роҳ
هزاران دانه بر چشمم کند راه
Азон хирмани басӯи ман расад коҳ
از آن خرمن به سوی من رسد کاه
Туро деҳқонем афсона ояд
ترا دهقانیَم افسانه آید
Марои зини кишти коҳ ва дона ояд
مرا زین کشت کاه و دانه آید
Ҳамеша зини замину чашма бар роҳ
همیشه زین زمین و چشمه بر راه
Мроҳм дона хоҳад буд , ҳам коҳ
مرا هم دانه خواهد بود، هم کاه
Чу доим бар сари ин киштзорам
چو دایم بر سر این کشتزارم
Ту хуш биншин ки ман баррагӣ надорам
تو خوش بنشین که من برگی ندارم
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки пайваст
عفی اللّه مردم چشمم که پیوست
Миёни хори мижгон битў бинишаст
میان خار مژگان بی تو بنشست
Нмиоиди зи зери хори берун
نمیآید ز زیر خار بیرون
Сияҳ карда сиррӣу хуфта дар хӯн
سیه کرده سری و خفته در خون
Чунин дар зери хору хӯни азонст
چنین در زیر خار و خون از آنست
Казу барги гул сурхат ниҳонаст
کزو برگ گل سرخت نهانست
Чу гул нест ин замон бо хор созад
چو گل نیست این زمان با خار سازد
Чу шодӣ нест бо тимор созад
چو شادی نیست با تیمار سازد
зи чашми хеш бе гулбарги рӯят
ز چشم خویش بی گلبرگ رویت
Басии пухтами гулоб аз орзӯят
بسی پختم گلاب از آرزویت
зи нргсдони чашмами гули дуруда
ز نرگسدان چشمم گل دروده
Мижа чун ноижаҳ бар дар намӯда
مژه چون نایژه بر در نموده
зи дили оташи бболо дар расида
ز دل آتش به بالا دررسیده
Гулоб аз ноижаҳ бар зари чакида
گلاب از نایژه بر زر چکیده
Гулоб аз чашми ман сар зад бсди сӯз
گلاب از چشم من سر زد به صد سوز
Ббўӣ чун ту меҳмонии дили афрӯз
به بوی چون تو مهمانی دل افروز
Чаҳгар равшан кунӣ кунҷи харобӣ
چه گر روشن کنی کنج خرابی
Ки то бар рӯят ифшоанд гулобӣ
که تا بر رویت افشاند گلابی
Раҳат аз дида чандоне занад об
رهت از دیده چندانی زند آب
Казин роҳат наёрад кард башитоб
کزین راهت نیارد کرد بشتاب
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки пайваст
عفی اللّه مردم چشمم که پیوست
Чу нилӯфари миён об бинишаст
چو نیلوفر میان آب بنشست
Чу ӯ нилӯфар бе офтобаст
چو او نیلوفر بی آفتابست
Ббўии ошно дар зер обаст
به بوی آشنا در زیر آبست
Агар ёбад зи хуршеди рахти тоб
اگر یابد ز خورشید رخت تاب
Буруни орад чу нилӯфари сар аз об
برون آرد چو نیلوفر سر از آب
Брорди об аз дарёии сина
برآرد آب از دریای سینه
Кунад дар чашм ҳамчун обгина
کند در چشم همچون آبگینه
Тавон дидани парӣ дар шиша бисёр
توان دیدن پری در شیشه بسیار
Туро дар шиша меҷӯяд парии вор
ترا در شیشه میجوید پریوار
Ту дарӣ ё парӣ эй ҳури сармаст
تو درّی یا پری ای حور سرمست
Ки меҷӯяд туро дар оби пайваст
که میجوید ترا در آب پیوست
Басони моҳӣ бе хӯрд ва бе хоб
بسان ماهی بی خورد و بی خواب
Надорад зиндагии як лаҳза бе об
ندارد زندگی یک لحظه بی آب
Ҳаме гардад зи сар то пои чашмам
همی گردد ز سر تا پای چشمم
Дарӣ меҷӯяд аз дарёии чашмам
دُری میجوید از دریای چشمم
Ту пинҳон гаштае чун дар дарё
تو پنهان گشتهای چون درّ دریا
Нмёиии зи зери оби пайдо
نمیآیی ز زیر آب پیدا
Туе фориғи зи ман олами гирифта
تویی فارغ ز من عالم گرفته
Манам ғаввоси дарёи дами гирифта
منم غوّاص دریا دم گرفته
Агар зини қаъри баҳрами брнёрӣ
اگر زین قعر بحرم برنیاری
Фурӯ меРом дарин дарёи бзорӣ
فرو میرم درین دریا به زاری
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки сад бор
عفی اللّه مردم چشمم که صد بار
Дарин дарё фурӯ шуд сари нигунсор
درین دریا فرو شد سر نگونسار
Басӣ дорад дарин дарёи зи дили тоб
بسی دارد درین دریا ز دل تاب
Азон чун мардум обӣаст бар об
از آن چون مردم آبیست بر آب
Ҳамаи ғаввосии дарёӣ хӯн кард
همه غوّاصی دریای خون کرد
Бхўн дар рафту зхўни сар бурун кард
به خون دررفت وز خون سر برون کرد
зи дарёии дилам гавҳар баровард
ز دریای دلم گوهر برآورد
зи чашми ашки резам бо сар оварад
ز چشم اشک ریزم با سر آورد
БсФт аз нӯки мижгони гавҳари хеш
بسفت از نوک مژگان گوهر خویش
Чу борони рехт бар хок аз дар хеш
چو باران ریخت بر خاک از در خویش
Ки тодри пеши ман оеи бакорӣ
که تا در پیش من آیی به کاری
Туро аз роҳ ман набӯд ғуборӣ
ترا از راه من نبود غباری
ЪФии аллоҳи мардуми чашмами казин сӯз
عفی اللّه مردم چشمم کزین سوز
зи дарё ошно ҷӯяд шабу рӯз
ز دریا آشنا جوید شب و روز
Чу дарёии дилами пар мавҷ хӯнаст
چو دریای دلم پر موج خونست
Ки донад то дарин дарёаш чунаст
که داند تا درین دریاش چونست
Дарин дарё аҷоиб дид бисёр
درین دریا عجایب دید بسیار
Ҳама бар ту шуморами гӯши майдор
همه بر تو شمارم گوش میدار
Чу дарё кард ғарқи длстонш
چو دریا کرد غرق دلستانش
зи дарё бо лаб омад лек ҷонаш
ز دریا با لب آمد لیک جانش
Чу дар дарё басӣ мекард ё раб
چو در دریا بسی میکرد یا رب
з дарё дид хушкӣ лек дар лаб
ز دریا دید خشکی لیک در لب
Чу гавҳари ҷуст бисёре зи дарё
چو گوهر جست بسیاری ز دریا
зи дарё бо саромад лек расво
ز دریا با سر آمد لیک رسوا
Чу дарии ҷуст азон дарёи гузида
چو درّی جست از آن دریا گزیده
з дарё ёфт сад дар лек дида
ز دریا یافت صد دُر لیک دیده
Дарин дарё чу шуд ширини дил аз тан
درین دریا چو شد شیرین دل از تن
з дарё шуд буруни лекини дил аз ман
ز دریا شد برون لیکن دل از من
Чу он дарёфтӣ бинмуд аз рашк
چو آن دُر یافتی بنمود از رشک
з дарё рафт бар ҳомӯн дар ашк
ز دریا رفت بر هامون دُر اشک
Дарин дарё чу шуд лаби ташнаи ғарқоб
درین دریا چو شد لب تشنه غرقاب
з дарё даргузашт аммо зи сари об
ز دریا درگذشت امّا ز سر آب
Чу дар дарё фурӯ шуд ҳамдами ту
چو در دریا فرو شد همدم تو
зи дарёи ҷони набарди алои ғами ту
ز دریا جان نبرد الّا غم تو
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки пайваст
عفی اللّه مردم چشمم که پیوست
Ҳама бар рӯй ман дорад зхўни даст
همه بر روی من دارد ز خون دست
Чу рӯем гӯна гулгун надорад
چو رویم گونهٔ گلگون ندارد
Замонӣ рӯй ман бехӯн надорад
زمانی روی من بی خون ندارد
Ки то пеши ту орад сурх рӯем
که تا پیش تو آرد سرخ رویم
Бишуст аз хӯни чашмам ин нагӯям
بشُست از خون چشمم این نگویم
Аҷаб дар мардум чашмам бимонадам
عجب در مردم چشمم بماندم
Ки чун сад чашмаи хӯнро брондм
که چون صد چشمهٔ خون را براندم
Чигуна зинда мемонад дарин сӯз
چگونه زنده میماند درین سوز
Ки хӯн резӣаст кор ӯ шабу рӯз
که خون ریزیست کار او شب و روز
Чунин корӣ чу аз дил мекунад ӯ
چنین کاری چو از دل میکند او
Басии хоками бхўн гул мекунад ӯ
بسی خاکم به خون گل میکند او
Магари оеи бкўии нотавонӣ
مگر آیی به کوی ناتوانی
Бимонад поитў дар гули замонӣ
بماند پای تو در گل زمانی
ЪФии аллоҳи мардуми чашмам ки акнӯн
عفی اللّه مردم چشمم که اکنون
зи ҳуққаи муҳраи мигрдонд аз хӯн
ز حقّه مهره میگرداند از خون
Чу хӯн дил бихӯраду тарк ҷон кард
چو خون دل بخورد و ترک جان کرد
Ҳазорон къбтин аз хӯн равон кард
هزاران کعبتین از خون روان کرد
Бмҳраҳ фол мегирад ки тобўк
بمه هره فال میگیرد که تابوک
Бурун ояд бтрки ҳиҷрат аз сўк
برون آید به ترک هجرت از سوک
Агар сад муҳра гирданд барин фол
اگر صد مهره گرداند برین فال
Ҳама бар рӯй ман ояд алии улҳол
همه بر روی من آید علی الحال
Агар як роҳи шаш панҷӣ барояд
اگر یک راه شش پنجی برآید
Дамӣ зу биғм ва ранҷӣ барояд
دمی زو بی غم و رنجی برآید
Азин шшдр канорӣ гирад охир
ازین ششدر کناری گیرد آخر
Ҳамаи кораш қарорӣ гирад охир
همه کارش قراری گیرد آخر
Чу дил шуд шоҳи ишқатро ҳарамгоҳ
چو دل شد شاه عشقت را حرمگاه
ЪФии аллоҳи мардуми чашмами ъФии аллоҳ
عفی اللّه مردم چشمم عفی اللّه
Ки бар боми ҳарам чун посбонӣ
که بر بام حرم چون پاسبانی
Занад чӯбаки зи мижа ҳар замонӣ
زند چوبک ز مژّه هر زمانی
Бшкл посбонаш нест ором
به شکل پاسبانش نیست آرام
Шудаи чӯбаки зан аз мижгони барин бом
شده چوبک زن از مژگان برین بام
Чу чӯбак мезанад ҳиндӯ аз онаст
چو چوبک میزند هندو از آنست
Аҷаб набӯд ки ҳиндӯ посбонаст
عجب نبود که هندو پاسبانست
Сияҳи пӯшида ҳамчун абрӯии тест
سیه پوشیده همچون ابروی تست
Сияҳ бошад балӣ чун ҳиндӯии тест
سیه باشد بلی چون هندوی تست
Басии савдои бпхт аз косаи сар
بسی سودا بپخت از کاسهٔ سر
Сияҳ рӯ омад аз матбахи сӯй дар
سیه رو آمد از مطبخ سوی در
Сияҳ зон шуд ки тани дардоади битў
سیه زآن شد که تن درداد بی تو
Ки то хунаш биравӣ афтод битў
که تا خونش به روی افتاد بی تو
Сияҳ зон шуд ки берӯят нигаҳ кард
سیه زآن شد که بی رویت نگه کرد
Азин тшўир рӯй худ сияҳ кард
ازین تشویر روی خود سیه کرد
Азон дар ҷомаи мотами миёни баст
از آن در جامهٔ ماتم میان بست
Ки берӯят бирав олам сиёҳаст
که بی رویت برو عالم سیاه است
Сияҳ шуд чун назар битў кушодаст
سیه شد چون نظر بی تو گشاده است
Дилами зини ғуссаи доғаш бар ниҳодаст
دلم زین غصّه داغش برنهاده است
Аз об ӯ чу ҳоли ман таба шуд
از آب او چو حال من تبه شد
Басии оташи дарави бастам сияҳ шуд
بسی آتش درو بستم سیه شد
Фитод аз оташи дили сӯз дар вай
فتاد از آتش دل سوز در وی
Сияҳ шуд чун фурӯ шуд рӯз биравӣ
سیه شد چون فرو شد روز بر وی
Магари гӯйии зи дарёҳои пурҷӯш
مگر گویی ز دریاهای پر جوش
Халифааст обро зон шуд сияҳи пӯш
خلیفه ست آب را زآن شد سیه پوش
зи дили оташ бурун омад зи чашми об
ز دل آتش برون آمد ز چشم آب
Чу дар оташ ниҳодам шуд сияҳи тоб
چو در آتش نهادم شد سیه تاب
Бнўр рӯй ту чун нест роҳяш
به نور روی تو چون نیست راهیش
Чунин бигирифт савдои сиёҳяш
چنین بگرفت سودای سیاهیش
зи баси хӯн кӯ бароварду фурӯи барад
ز بس خون کو برآورد و فرو برد
Сияҳ зон шуд ки гӯйии хӯни дарави мард
سیه زآن شد که گویی خون درو مرد
Аҷаб набӯд сияҳ бӯдани муқӣмаш
عجب نبود سیه بودن مقیمش
Ки мибинми сияҳ , ранги гилӣмаш
که میبینم سیه، رنگ گلیمش
Сияҳ шуд зонка чашмаши дирафшон буд
سیه شد زانکه چشمش دُرفشان بود
Ки дарро бо шабаҳи гӯйии қирон буд
که دُر را با شبه گویی قران بود
Дарин мотам чунин андешмандаст
درین ماتم چنین اندیشمندست
Балое бетўош бар сари Фгндст
بلایی بی تواش بر سر فگندهست
Сияҳ зонаст ҷой ӯу дилгир
سیه زآنست جای او و دلگیر
Ки бе ту пой ӯ монадаст дар қӣр
که بی تو پای او ماندهست در قیر
Сиёҳ аз оташ сӯзон ҳиҷронаст
سیاه از آتش سوزان هجرانست
Чўмскин сӯхтаст оре сияҳ зонаст
چو مسکین سوختهست آری سیه زانست
Сиришк ӯ агар нест оби ҳайвон
سرشک او اگر نیست آب حیوان
Чаро шуд дар сиёҳии мондаи пинҳон
چرا شد در سیاهی مانده پنهان
Чу шбрў ӯ сияҳ мепӯшед акнӯн
چو شبرو او سیه میپوشید اکنون
Магар шаб меравад лекини азуи хӯн
مگر شب میرود لیکن ازو خون
Чу шбрўи пари диляш аз ҳад бурунаст
چو شبرو پر دلیش از حد برونست
Валикини пари дилӣ ӯ з хӯнаст
ولیکن پر دلی او ز خونست
Сияҳ шуд аз балои ишқи ҷонсӯз
سیه شد از بلای عشق جانسوز
Дилам чун шамъи мисўзди шабу рӯз
دلم چون شمع میسوزد شب و روز
зи дил чун дӯд бар боло раседаст
ز دل چون دود بر بالا رسیدهست
зи дӯди дил сиёҳӣ нопадидаст
ز دود دل سیاهی ناپدیدست
Сиёҳиро азон дида чу бсршт
سیاهی را ازان دیده چو بسرشت
Сӯии зулфи сиёҳат нома бинвишт
سوی زلف سیاهت نامه بنوشت