эй шавкат эй шикастаи дили дӯстони хеш
ای شوکت ای شکسته دل دوستان خویش
Бар ҷон ошиқон мазан аз ҳиҷри хеши неш
بر جان عاشقان مزن از هجر خویش نیش
Гар бенгарӣ дар оинаи қалби хештан
گر بنگری در آینهٔ قلب خویشتن
Бинӣ ба худ иродати ёрони зпиш беш
بینی به خود ارادت یاران زپیش بیش
Авқот дӯстон макун аз заҳри ишваи талх
اوقات دوستان مکن از زهر عشوه تلخ
Қалб фусурдагон макун аз неши ғамзаи риш
قلب فسردگان مکن از نیش غمزه ریش
Васл ту дошт ҳавзаи арбоби завқи ҷамъ
وصل تو داشت حوزهٔ ارباب ذوق جمع
Ҳиҷр ту кард хотири маҷмӯашони пареш
هجر تو کرد خاطر مجموعشان پریش
Гӯйанд аз он лаби шаккарин талх гуфта Эй
گویند از آن لب شکرین تلخ گفتهای
Талхӣ ба шукри ту начасбад ба сад ширеш
تلخی به شکر تو نچسبد به صد سریش
Гирам ки мардаки ҳрўии хӯрдаи шукрӣ
گیرم که مردک هروی خورده شکری
Мо ва ту он гирифт набоистмон ба риш
ما و تو آن گرفت نبایستمان به ریش
Табъи ҳасуди панҷаи кушояд ба ҳар дурӯғ
طبع حسود پنجه گشاید به هر دروغ
Марди ғариқ даст гузорад ба ҳар ҳашиш
مرد غریق دست گذارد به هر حشیش
Як шаби иёдати ман бемори пеши гир
یک شب عیادت من بیمار پیش گیر
Набӯд гунаҳи иёдати ёрон ба ҳеҷ кеш
نبود گنه عیادت یاران به هیچ کیش
ӣнҷои длисти хастау муштии гулу китоб
اینجا دلیست خسته و مشتی گل و کتاب
Вондри ниҳодаи миҷмараи зарди ҳашт пеш
واندر نهاده مجمرهٔ زرد هشت پیش
Ваон шоҳиди сағир ба оҳанги Баму зибр
وان شاهد صغیر به آهنگ بم و زبر
Бо зикр ё мҷир буд гарми кори хеш
با ذکر یا مجیر بود گرم کار خویش
Сӯй дигар надими сбкрўҳи талх вааш
سوی دگر ندیم سبکروح تلخوش
Бегона бо мдлс ва бо аҳли завқи хеш
بیگانه با مدّلس و با اهل ذوق خویش
Чангу дафу таронаи ?герат низ орзӯаст
چنگ و دف و ترانه گرت نیز آرزوست
Ҳамроҳ худ биор вале бесиблату риш !
همراه خود بیار ولی بی سبیل و ریش!