Шунидаам ки ялӣ буд паҳлавони рустам

شنیده‌ام که یلی بود پهلوان رستم

Кашида сари зи мҳобт бар осмони рустам

کشیده سر ز مهابت بر آسمان رستم

Ситабри бозуу лоғари миёну синаи фарох

ستبر بازو و لاغر میان و سینه فراخ

Ду шохи риши фурӯи ҳашта то миёни рустам

دو شاخ ریش فروهشته تا میان رستم

Ниёаши сому падари зол ва моам рӯдоба

نیاش سام و پدر زال و مام رودابه

зи тухми Гаршосби монда дар ҷаҳони рустам

ز تخم گرشاسب مانده در جهان رستم

Ба кӯдакии српили спидкФтаҳ ба гурз

به کودکی سر پیل سپید کفته به گرز

Сипас ба деви сипеди охтаи синони рустам

سپس به دیو سپید آخته سنان رستم

Бурӣдаи каллаи акуони дев ва ҳашта ба тарк

بریده کلّهٔ اکوان دیو و هشته به تَرک

Ба ҷои мғФри пӯлоди зрншони рустам

به جای مغفر، پولادِ زرنشان رستم

Даридаи чарми зи бабри баёни вкрдаҳ ба бар

دریده چرم ز ببر بیان و کرده به بر

Ба ҷои ҷавшан ва хуфтон парниёни рустам

به جای جوشن و خفتان پرنیان رستم

Чу буд ёфта зи ахлоти муътадили таркиб

چو بود یافته ز اخلاط معتدل ترکیب

Бимонадӣ ар нашудӣ куштаи ройгони рустам

بماندی ار نشدی کشته رایگان رستم

Шунидам онкӣ ба чоҳи шғод дар кобул

شنیدم آنکه به چاه شغاد در کابل

Намурда ва берун омад азони миёни рустам

نمرد و بیرون آمد از آن میان رستم

зи шарми куштани Исфандиёру шнъти он

ز شرم کشتن اسفندیار و شنعت آن

Ниҳоди сар ба биёбони ҳиндӯони рустам

نهاد سر به بیابانِ هندوان رستم

Паии муъолиҷати захму даврӣ аз Эрон

پی معالجت زخم و دوری از ایران

Ба ҷангалӣ шуд ва буд андари он макони рустам

به جنگلی شد و بود اندر آن مکان رستم

Гузид кеши зротшт ва тавба кард ва нишаст

گزید کیش زراتشت و توبه کرد و نشست

Ба пеши оташ ва гардид занад хон рустам

به پیش آتش و گردید زندخوان رستم

Чу ёфт огаҳӣ аз паҳлавӣ ки дар Эрон

چو یافت آگهی از پهلوی که در ایران

Гузидаи маснади дороу Ардавони рустам

گزیده مسند دارا و اردوان رستم

Нуфӯзи тарку араб кам шудаасту мардуми порс

نفوذ ترک‌ و عرب کم شده‌ست‌ و مردم پارس

Ниҳодаи номи худ ин киқбод ва он рустам

نهاده نام خود این کیقباد و آن رستم

Кашид рахт ба зобули замини зи хиттаи ҳинд

کشید رخت به زابل‌زمین ز خطّهٔ هند

Ба кӯҳи хоҷа дарун шуд чу кҳбдони рустам

به کوه‌ خواجه درون شد چو کهبدان رستم

Ба шаҳри тоқ сипас қалъаеу аррагии сохт

به شهر طاق‌ سپس قلعه‌ای و ارگی ساخت

Ки давртар буд аз роҳи корвони рустам

که دورتر بُوَد از راهِ کاروان رستم

Хариди мазраъае дар ҷавори тоқ ва нишаст

خرید مزرعه‌ای در جوار طاق و نشست

Дарун мазраъа хурсанду Комрони рустам

درون مزرعه خرسند و کامران رستم

Ба ёди оташи кркўӣ , оташӣ афрӯхт

به یاد آتش کرکوی‌، آتشی افروخت

Ниҳоди номаши кркўии рустамони рустам

نهاد نامش کرکوی رستمان رستم

Наҳуфта дошт зару симу гавҳару коло

نهفته داشت زر و سیم و گوهر و کالا

Аз он замона куҷо бӯда марзбони рустам

از آن زمانه کجا بوده مرزبان رستم

Гшодгнҷ ва нишаст азпии ибодати ҳақ

گشاد گنج و نشست از پی عبادت حق

зи меҳри Эрони саршору шодмони рустам

ز مهر ایران سرشار و شادمان رستم

Хато накарда ба тадбири малики даст аз пой

خطا نکرده به تدبیر مُلک دست از پای

Гузашта аз сар дияем зрншони рустам

گذشته از سر دیهیم زرنشان رستم

Накарда худсарӣу сохта ба луқмаи нон

نکرده خودسری و ساخته به لقمهٔ نان

зи ҷамъи ҳосили амлоки систони рустам

ز جمع حاصل املاک سیستان رستم

Гузашта аз сари даъвии санаду басту фароа

گذشته از سر دعویِ سند و بُست و فراه

Наҳуфта рӯй зи махлуқи баданашони рустам

نهفته روی ز مخلوق بدنشان رستم

з ногуҳ омад баҳри мумайизии сӯии тоқ

ز ناگه آمد بهر ممیّزی سوی طاق

Яке ҷавону ббрдш ба миҳмони рустам

یکی جوان و ببردش به میهمان رستم

Яке ҷавонаки азин лолаи зорён ки буд

یکی جوانک ازین لاله‌زاریان که بوَد

Ба зари ҳарис чу бар ҷанги ҳФтхўони рустам

به‌ زر حریص‌ چو بر جنگِ هفت خوان رستم

Ба пои чикмау пероҳанӣу полтуӣ

به پای چکمه و پیراهنی و پالتویی

Бидон ғурур ки гуфтӣ буд ҷавони рустам

بدان غرور که گفتی بوَد جوان رستم

Ба тарзи мардуми рай гарм шуд ба нутқу баён

به طرز مردمِ ری گرم شد به نطق و بیان

Ки дрнёФт яке гуфта зон миёни рустам

که درنیافت یکی گفته زان میان رستم

зи ҷайби қуттии сигар чун бурун оварад

ز جیب قوطی سیگار چون برون آورد

Шигифт монад аз он махзани духони рустам

شگفت ماند از آن مخزن دخان رستم

Чу зад ба оташи сигарроу барад ба лаб

چو زد به آتشْ سیگار را و برد به لب

з ҳайрат оварад ангушт бар даҳони рустам

ز حیرت آورد انگشت بر دهان رستم

Пазира гашти варо дар сарои берӯнӣ

پذیره گشت ورا در سرای بیرونی

Ниҳод дар бар ӯ хон пурзанони рустам

نهاد در بر او خوانِ پُر ز نان رستم

Чу хости минқалӣ аз баҳри Фўр , кард бадал

چو خواست منقلی از بهر فور، کرد بدل

Яке зи мғбчгони мардро гумони рустам

یکی ز مغبچگان مرد را گمان رستم

Шукуфтаи гашт ва яке миҷмараши ниҳод ба пеш

شکفته گشت‌ و یکی مجمرش نهاد به‌ پیش

Сурӯд хонд ба ойини мсмғони рустам

سرود خواند به آیین مسمغان رستم

Ҷавон кашид чу аз ҷомидони буруни воФўр

جوان کشید چو از جامدان برون وافور

Ба ёдаш омад азгрзаҳи гарони рустам

به یادش آمد از گرزهٔ گران رستم

Хаёл кард ки Фўр аз нажода крз аст

خیال کرد که فور از نژادهٔ گرز است

Азин хаёли дилаши гашти шодмони рустам

ازین خیال دلش گشت شادمان رستم

Вале чу Фўр ба тдхини ниҳод бар оташ

ولی چو فور به تدخین نهاد بر آتش

Биҷуст ногуҳ аз ҷои спндсони рустам

بجَست ناگه از جا سپندسان رستم

Бигуфт ҳаии псротш касе ба крз накӯфт

بگفت هی پسر آتش کسی به گرز نکوفت

Макун вагарна шавад душманат ба ҷони рустам

مکن وگرنه شود دشمنت به جان رستم

Сипас чўбстӣ барбасту дӯд берун дод

سپس چو بَستی بربست و دود بیرون داد

зи дўдў ҳайрат шуд гӣҷ дар замони рустам

ز دود و حیرت شد گیج در زمان رستم

Гирифт бинӣу срФиду баҳри қӣ кардан

گرفت بینی و سرفید و بهر قی کردن

Ба боғи тохти зи мшкўии пари духони рустам

به باغ تاخت ز مشکوی پُردُخان رستم

Ба чокаронаши чунин кафат :гар з ман пурсед

به چاکرانْش چنین کفت‌: گر ز من پرسید

Бадв бигӯед афтодаи нотавони рустам

بدو بگویید افتاده ناتوان رستم

Ҷавон аз он равиши паҳлавони камии вохўрд

جوان از آن روش پهلوان کمی واخورد

Ки дргзошти раҳу расми мизбони рустам

که درگذاشت ره و رسم میزبان رستم

Ҳазорҳо маталаки бор пермард намӯд

هزارها متلک بار پیرمرد نمود

Ки бозгашт ба ночор сӯй хон рустам

که بازگشت به‌ناچار سوی خوان رستم

Ба шарм гуфт : алои сспўҳри хўшмти ҳай

به‌شرم گفت‌: الا ویسپوهر خوش‌مت هی

Пзти ҳазинаи ?герати ганҷу мҳну мони рустам

پذت ‌هزینه گرت گنج و مهن و مان رستم

Ҳануз чизеи нохӯрдаи хости ҷоми шароб

هنوز چیزی‌ ناخورده‌ خواست جام شراب

Ҷавону гашт азин карда бадгумони рустам

جوان و گشت ازین کرده بدگمان رستم

Хаёли крдкаҳи меҳмони ғизо бурун хӯрдаст

خیال کرد که مهمان غذا برون خوردست

Вазин хаёл барошуфт бекарони рустам

وزین خیال برآشفت بیکران رستم

Муоширони аҷам май пас аз ғизо нӯшанд

معاشران عجم می پس از غذا نوشند

Чу пеш хӯрд ҷавони тайраи гашт аз он рустам

چو پیش ‌خورد جوان طَیره گشت ‌از آن رستم

Ҷавон чу хӯрд мекуҳна шуд бихону бикрад

جوان‌ چو خورد می کهنه شد به خوان و بکرد

Дуои замзамаи оғоз , пеш хон рустам

دعای زمزمه آغاز، پیشِ خوان رستم

Валек меҳмон хомаш намонад ва суҳбат кард

ولیک مهمان خامش نماند و صحبت کرد

Миёни замзам ва зад меҳр бар даҳони рустам

میان زمزم و زد مُهر بر دهان رستم

Чу хон гузорда шуду об даст овараданд

چو خوان گذارده شد و آب‌دست آوردند

Ниҳоди базм ба ойини хусравони рустам

نهاد بزم به آیین خسروان رستم

Набеду нақл ва бихӯру туранҷу себу анор

نبید و نقل و بخور و ترنج و سیب و انار

Ба хўончаҳ Эй биниҳоданд ва шуд чарони рустам

به خوانچه‌ای بنهادند و شد چران رستم

Чу гарми гашт сараш гуфт ҳон фароз оред

چو گرم گشت سرش گفت هان فراز آرید

Яке мғнӣ бо захмаи равон , рустам

یکی مغنّی با زخمهٔ روان‌، رستم

з дар даромад ва курнриш намӯд зоблӣӣ

ز در درآمد و کرنش نمود زابلی‌ای

Чгўри баркаф ва гуфташ бизан бихон рустам

چگور بر کف و گفتش بزن بخوان رستم

Навохт захмаи сагзӣ ба паҳлавии абёт

نواخت زخمهٔ سگزی به پهلوی ابیات

Шуд аз нишоти сршгш ба рухи чикони рустам

شد از نشاط ‌سرشگش به ‌رخ ‌چکان رستم

Се ҷом хӯрд ва накард эътино ба марди ҷавон

سه جام خورد و نکرد اعتنا به مرد جوان

Аз онкии бади зи адоҳоши саргарони рустам

از آنکه بد ز اداهاش سرگران رستم

Ҷавон бирафт ва биёмад ба кафи яке виюлон

جوان برفت و بیامد به کف یکی ویولن

Намӯд кӯк ва накард эътино бидон рустам

نمود کوک و نکرد اعتنا بدان رستم

Вале чу кард ба сими Орашии камонро ҷуфт

ولی چو کرد به سیم آرشی کمان را جفت

Чу тир рост шуд аз фарти имтинони рустам

چو تیر راست شد از فرط امتنان رستم

Чу ринд буд ҷавон , сохт пардаи бедод

چو رند بود جوان‌، ساخت پردهٔ بیداد

зи фарти шодӣ мастона шуд чмони рустам

ز فرط شادی مستانه شد چمان رستم

Бихонад қиссаи Исфандиёри рӯйин тан

بخواند قصهٔ اسفندیار رویین‌تن

Ки дрнбрд бикушташ ба ройгони рустам

که در نبرد بکشتش به رایگان رستم

Гирист рустам ва шуд доғи хотираши тоза

گریست رستم و شد داغ خاطرش تازه

Бигуфт кош набӯдӣ дар ин ҷаҳони рустам

بگفت کاش نبودی در این جهان رستم

Ман он гунаҳи бнкрдм ки кард он гуштосб

من آن گنه بنکردم که کرد آن گشتاسب

Вагарна буд ба ҷони бандаи бағони рустам

وگرنه بود به جان بندهٔ بَغان رستم

Гусел кард ба кории газофаи пӯри ҷавон

گسیل کرد به کاری گزافه پور جوان

Бишуд ҷавон ва шуд аз марг ӯ навони рустам

بشد جوان و شد از مرگ او نوان رستم

Зкрдаҳи дгарони кӯ , ки корномаи хеш

ز کردهٔ دگران گو، که کارنامهٔ خویش

Басои шунӯдаи зи даврони бостони рустам

بسا شنوده ز دوران باستان رستم

Ҷавони дурусти нФҳмидкоў чаҳ гуфт вале

جوان درست نفهمید کاو چه گفت ولی

Ба табъ шуд сари тасниф ва раст аз он рустам

به‌ طبع‌ شد سر تصنیف و رَست از آن رستم

Чўгшт субҳ фиристод чанд сиккаи зар

چو گشت صبح فرستاد چند سکّهٔ زر

Ба расми ҳадя ба наздики миҳмони рустам

به رسم هدیه به نزدیک میهمان رستم

Ниҳоди ханҷари зрбни ниёами дастаи нишон

نهاد خنجر زربُن‌نیام دسته‌نشان

Ба рӯй ҳадя ба унвони армағони рустам

به روی هدیه به عنوان ارمغان رستم

Ҷавон чу онҳама зрбнаҳ дид , кард тамаъ

جوان چو آن‌ همه زرّینه دید، کرد طمع

Ки давр созад азони кохи вгнҷи вкони рустам

که دور سازد از آن کاخ و گنج و کان رستم

Пас аз ду ҳафта ба рустам бидод дасти видоъ

پس از دو هفته به رستم بداد دست وداع

Фишурди дасти вай ва сохташ равони рустам

فشرد دست وی و ساختش روان رستم

Ҷавон чу шуд ба хуросони гузоришии бардошт

جوان‌ چو شد به ‌خراسان گزارشی‌ برداشت

Ки ҳаст саркашу худкому бдзбони рустам

که هست سرکش و خودکام و بدزبان رستم

Ба фикри таҷзияи систони фитода , аз он

به فکر تجزیهٔ سیستان فتاده‌، از آن

Туфанг ва тӯб кунад ҷамъ дар ниҳони рустам

تفنگ و توپ کند جمع در نهان رستم

Ман аҳли қалъа ӯро ниҳон фирефта ам

من اهل قلعهٔ او را نهان فریفته‌ام

Ки вақт ҷанг бигиранд ногаҳони рустам

که وقت جنگ بگیرند ناگهان رستم

Агар ба бандаи з лашкар диҳанд гирдоне

اگر به بنده ز لشکر دهند گردانی

Шавад далерӣу гардиш бе нишони рустам

شود دلیری و گُردیش بی‌نشان رستم

Сипаҳбадони хуросони фусун ӯ хӯрданд

سپهبدان خراسان فسون او خوردند

Ки шуд зи ҳиммат ӯ нияташи аёни рустам

که شد ز همّت او نیّتش عیان رستم

Ҷавон кашид сӯии марзи систони ҷишӣ

جوان کشید سوی مرز سیستان جیشی

Ба қасди тоқ ки буд андари он макони рустам

به قصد طاق که بود اندر آن مکان رستم

Сбаҳи парронди паи саҳрои рпки всохс ба диз

سپه پراند به صحرای ریگ و تاخت به دژ

Ки ҷуфт созад бо андӯҳу ғамони рустам

که جفت سازد با اندُه و غمان رستم

Сипаҳ расед бар тоқу дидаи бон аз арг

سپه رسید بر طاق و دیده‌بان از ارگ

Бидиду гашти хабардор дар замони рустам

بدید و گشت خبردار در زمان رستم

Гумон намӯд зи турони сипоҳӣ омада аст

گمان نمود ز توران سپاهی آمده است

Ки буд аз Эрони пайваста дар амони рустам

که بود از ایران پیوسته در امان رستم

Бигуфт бабр баён оваранду тири вкмон

بگفت ببر بیان آورند و تیر و کمان

Кашид музей ва овехт тирдони рустам

کشید موزه و آویخت تیردان رستم

Бидид бабри баёни карами хӯрдау зойеъ

بدید ببر بیان کرم‌خورده و ضایع

Ҳам аўФтодаҳи хам аз пушти даракмони рустам

هم اوفتاده خم از پشت در کمان رستم

Фиканд чочӣ ва хуфтон вгрзро бардошт

فکند چاچی و خفتان و گرز را برداشت

Ниҳоди зини зибри Рахши нотавони рустам

نهاد زین زبر رخش ناتوان رستم

зи қалъаи тохти бурун бо се чори нукари пер

ز قلعه تاخت برون با سه چار نوکر پیر

Баранд ҷониби гардони сабки Аннани рустам

براند جانب گردان سبک‌عنان رستم

Фиканд ҳамла ва зад наърае баланд ва ба гурз

فکند حمله و زد نعره‌ای بلند و به گرز

Бикуфт аз ду се сарбоз , устихони рустам

بکوفت از دو سه سرباز، استخوان رستم

Бар аўглўлаҳ баборед аз ду сӯ чу тагарг

بر او گلوله ببارید از دو سو چو تگرگ

Фитод Рахшу бағами гашти туамони рустам

فتاد رخش و به غم گشت توامان رستم

Пиёда монад ва нигаҳ кард ва дид султон ро

پیاده ماند و نگه کرد و دید سلطان را

Шитофти ҷониби султони давони давони рустам

شتافت جانب سلطان دوان دوان رستم

зи ҳайбаташи ду се газ пас нишаст марди ҷавон

ز هیبتش دو سه گز پس‌ نشست مرد جوان

зи бим каш бирасонад магари зиёни рустам

ز بیم کش برساند مگر زیان رستم

Ба шак фитод Таҳамтан ки худ магар буза кард

به شک فتاد تهمتن که خود مگر بزه کرد

Аз анкаҳ рафт ба пайкори дӯстони рустам

از آنکه رفت به پیکار دوستان رستم

зи як тарафи раҳеонаш ба ҷанг кушта шуданд

ز یک طرف رهیانش به جنگ کشته شدند

Апни ду фикр шуд аз дидаи хўнФшони рустам

ازین دو فکر شد از دیده خون‌فشان رستم

Ҷавон чу дид ки рустам гирист гашти далер

جوان چو دید که رستم گریست گشت دلیر

Бигуфт зинда бигирӣд ҳону ҳони рустам

بگفت زنده بگیرید هان و هان رستم

Бирехтанд ба гардиши пиёдагони сипоҳ

بریختند به گِردش پیادگان سپاه

Чу хайл мўркаҳ гиранд дар миёни рустам

چو خیل مور که گیرند در میان رستم

Нахост токшди он қавмро ба мушту лагад

نخواست تا کُشد آن قوم را به مشت و لگد

Фиканд бо лами киштии ягони дугони рустам

فکند با لِمِ کُشتی یگان دوگان رستم

Давони давон ба сӯй қалъа шуд зи арсаи ҷанг

دوان‌دوان به سوی قلعه شد ز عرصهٔ جنگ

зи хашм , дил шуда дар синааш тпони рустам

ز خشم‌، دل شده در سینه‌اش طپان رستم

Ҷавон чу дидкаҳ рустам биҷуст , гуфт диҳед

جوان چو دید که رستم بجَست‌، گفت دهید

Бгшти ногуҳи сад тирро нишони рустам

بگشت ناگه صد تیر را نشان رستم

Биҷуст дар бен чоҳӣ ки дошт раҳ ба ҳисор

بجَست در بن چاهی که داشت ره به حصار

зи роҳи нақби сӯй қалъа шуд давони рустам

ز راه نقب سوی قلعه شد دوان رستم

Кшидтхтаҳи пули вдрббсти вшди маҳсӯр

کشید تخته پل و در ببست و شد محصور

Ҳисор дод ба ойини ҷангёни рустам

حصار داد به آیین جنگیان رستم

Ҳуҷуми бурданд аз ҳар тараф ба қалъаи вгшт

هجوم بردند از هر طرف به قلعه و گشت

Тпони зи бими асорат на бими ҷони рустам

طپان ز بیم اسارت نه بیم جان رستم

Ба ёдаш омад ногуҳи зи ваъдаи симурғ

به یادش آمد ناگه ز وعدهٔ سیمرغ

Талаб намӯд мар ӯро аз ошёни рустам

طلب نمود مر او را از آشیان رستم

Тризи ҷбаҳ ба ханҷар дариду охати бурун

تِریز جبّه به خنجر درید و آخت برون

Парӣ ки дошт ниҳон дар миёни ҷони рустам

پری که داشت نهان در میان جان رستم

Фусун бихонад вбзди сангӣ аз броҳн

فسون بخواند و بزد سنگی از بر آهن

Биҷуст барқӣ ва шуд сахти шодмони рустам

بجست برقی و شد سخت شادمان رستم

Пас аз ду соъати андари уфуқ сиёҳӣ дид

پس از دو ساعت اندر افق سیاهی دید

Ки медаромад аз ақсои зоҳидии рустам

که می‌درآمد از اقصای زاهدان رستم

Нигоҳ кард ба боло ва дид парон аст

نگاه کرد به بالا و دید پرّان است

Стбри мурғии рўиинаҳи устихони рустам

سطبر‌مرغی رویینه‌‌استخوان رستم

Фурӯ нишаст хурушон дарун майдонӣ

فرو نشست خروشان درون میدانی

Ки асприс навин кард номи он рустам

که اسپریس نوین کرد نام آن رستم

Зпшти мурғи фурӯи ҷусти лоғари андомӣ

ز پشت مرغ فرو جست لاغر اندامی

Ки дида будаш дар ҳинди як замони рустам

که دیده بودش در هند یک زمان رستم

Ба ҳиндӯии сухании чндгФти врстм ро

به هندویی سخنی چند گفت و رستم را

Сўоркрд ва шуд аз дидаҳо ниҳони рустам

سوار کرد و شد از دیده‌ها نهان رستم

Мҳосрон дар дизи бстднд ва наъра заданд

محاصران در دژ بستدند و نعره زدند

Вазин тараф ба сӯй ҳинд шуд парони рустам

وزین طرف به‌سوی هند شد پران رستم

Бабради ҳамраҳи худганҷу мол ва паймон кард

ببرد همره خود گنج و مال و پیمان کرد

Казин сипас накунад рои имтиҳони рустам

کزین سپس نکند رای امتحان رستم

Вагар дубора биафтад ба ёди малики каён

وگر دوباره بیفتد به یاد مُلک کیان

Камаст дар бар мардон , зи мокиёни рустам !

کمست در بر مردان‌، ز ماکیان رستم‌!

Дурӯғу ҳуққаи воФўру ҷаъбаи сигар

دروغ و حقّهٔ وافور و جعبهٔ سیگار

Чисон наад ба бар фараи каёни рустам ?

چسان نهد به بر فرّهٔ کیان رستم‌؟

Забони порсии бостон чигуна наад

زبان پارسی باستان چگونه نهد

Бар талаффузи тҳрону Исфаҳони рустам ?

بر تلفّظ طهران و اصفهان رستم‌؟

Фрохнои лаби ҳирманди вгўди зира

فراخنای لب هیرمند و گود زره

Куҷо наад ббркнду сўлқони рустам ?

کجا نهد ببر کند و سولقان رستم‌؟

Чаҳ ҷои мақбараи маҷлисӣу масҷиди шайх ?

چه جای مقبرهٔ مجلسی و مسجد شیخ‌؟

Ки нест дрҳўси Тӯси втоброни рустам

که نیست در هوس طوس و طابران رستم

Ба лавни зоҳирашон кӣ хӯрд фиреб чу ёфт

به لون ظاهرشان کی خورد فریب چو یافت

Хабари зи ботини ин қавми бади ниҳони рустам

خبر ز باطن این قوم بدنهان رستم

Хиёнатӣ ки ба доро намӯдаанд ин қавм

خیانتی که به دارا نموده‌اند این قوم

Ба ёд дорад аз аҳди бостони рустам

به یاد دارد از عهد باستان رستم

Ҳамаш ба ёд буд ончӣ рафт азин мардум

همش به یاد بوَد آنچه رفت ازین مردم

Ба тоҷи втхти шаҳаншоҳи Ардавони рустам

به تاج و تخت شهنشاه اردوان رستم

Куҷои зи ёди баради ончии зини ҷФокорон

کجا ز یاد برد آنچه زین جفاکاران

Бирафт бар сари парвизу хонадони рустам

برفت بر سر پرویز‌ و خاندان رستم

Ҳамеи бгрид аз он ғдри моҳўии сӯрӣ

همی بگرید از آن غدر ماهوی سوری

Ба яздгирд , ба саҳрои ховарони рустам

به یزدگرد، به صحرای خاوران رستم

зи бими ҷуст ва ба сӯй қафо надид , чу дид

ز بیم جست و به سوی قفا ندید، چو دید

Ки гург брглаҳ гаштааст посбони рустам

که گرگ بر گله گشته‌ست پاسبان رستم

Бростон ки бурун зостонаҳанд , гирист

به راستان که برون ز آستانه‌اند گریست

Чу дидкҷи манашонро бар остони рустам

چو دید کج‌منشان را بر آستان رستم