Мо ракаи нафаси оина пардохта бошад

ما راکه نفس آینه پرداخته باشد

Тадбири сафои ҳайрат бесохта бошад

تدبیر صفا حیرت بی‌ساخته باشد

Фардост ки зери сипар хок ниҳонем

فرداست که زیر سپر خاک نهانیم

Гӯи теғи ту ҳам ба сипеҳр охта бошад

گو تیغ تو هم به سپهر آخته باشد

Таслим сириштем ръўнт чаҳ хаёл аст

تسلیم سرشتیم رعونت چه خیال است

Мӯ то ба куҷои гарданаш афрохта бошад

مو تا به ‌کجا گردنش افراخته باشد

Бо тинати золим чаҳ кунад сози таҷарруд

با طینت ظالم چه‌ کند ساز تجرّد

Марӣ ба ҳавас пӯстӣ андохта бошад

ماری به هوس پوستی انداخته باشد

Шӯри талаб аз мо ба фано ҳам натавон барад

شور طلب از ما به فنا هم نتوان برد

Хокистари ошиқи қафас фохта бошад

خاکستر عاشق قفس فاخته باشد

Бебуи гулӣ нест ғубори нафаси имрӯз

بی‌ بوی‌ گلی نیست غبار نفس امروز

Ёд ки дар андеша мо тохта бошад

یاد که در اندیشهٔ ما تاخته باشد

Дилдори гузашту хабар аз дил нагирифтем

دلدار گذشت و خبر از دل نگرفتیم

Ин оина Эй нест ки нагудохта бошад

این آینه‌ای نیست که نگداخته باشد

Аз шарми нисори ту ба ин ҳастӣ мавҳум

از شرم نثار تو به این هستی موهوم

Рангӣ ки надорам чиқадр бохта бошад

رنگی که ندارم چقدر باخته باشد

Бедил ба ҳаваси доманат азкФ натавон дод

بیدل به هوس دامنت ازکف نتوان داد

эй кош касе қадари ту нашинохта бошад

ای کاش کسی قدر تو نشناخته باشد