Пари ҳумо чаҳ кунад бахт агар дигаргун шуд
پر هما چه کند بخت اگر دگرگون شد
Утоқааст дами мокиён чу вожўн шуд
اطاقه است دم ماکیان چو واژون شد
Дар аҳли мзблаҳи касби камоли кносии сет
در اهل مزبله کسب کمال کناسیست
Набояд ӣнҳамаи мақбули олам дун шуд
نباید اینهمه مقبول عالم دون شد
Ҷунуни ҳирси пас аз марг низ даркор аст
جنون حرص پس از مرگ نیز درکار است
Ҳазор ганҷи таҳи хоки малик қорун шуд
هزار گنج ته خاک ملک قارون شد
Фасонаи ту агар мавҷад адам нашавад
فسانهٔ تو اگر موجد عدم نشود
Мубарҳанаст ки Лайлӣ намонад ва маҷнӯн шуд
مبرهن است که لیلی نماند و مجنون شد
Ба гуфтугӯи мада аз кафи ҳузури ҷамъият
به گفتگو مده از کف حضورِ جمعیت
Аннан гусаст чу аз донаи реша берун шуд
عنان گسست چو از دانه ریشه بیرون شد
Ҳусӯли обилаи пои музд бесару поеи сет
حصول آبلهپا مزد بیسر و پاییست
Кафили ин гуҳарами саъии кӯҳ ва ҳомӯн шуд
کفیل این گهرم سعی کوه و هامون شد
Урӯҷи олами иқболи бихўдӣ дигар аст
عروج عالم اقبال بیخودی دگر است
Ба гардиши ончии з рангам парид , гардун шуд
به گردش آنچه ز رنگم پرید، گردون شد
Навой сози ръўнти қиёмат ангез аст
نوای ساز رعونت قیامتانگیز است
Ба хизмати раги гардан наме тавон хӯн шуд
به خدمتِ رگِ گردن نمیتوان خون شد
Баҳори ғайрати марди обёрӣ хӯн дошт
بهار غیرت مرد آبیاری خون داشت
Арақ чакид ба кайфиятӣ ки гулгун шуд
عرق چکید به کیفیتی که گلگون شد
Замони фурсат ҳар чиз муғтанам шимуред
زمان فرصت هر چیز مغتنم شمرید
Ки то ба ҳашар нахоҳад шуд ончӣ акнӯн шуд
که تا به حشر نخواهد شد آنچه اکنون شد
Бар он ситам зада бедили зи олами авҳом
بر آن ستمزده بیدل ز عالم اوهام
Чаҳ зулм рафт ки маҷнӯн нашуд Флотўн шуд
چه ظلم رفت که مجنون نشد فلاطون شد