Рӯзгорӣ шуд ки аз аҳли вафои дил барда анд
روزگاری شد که از اهل وفا دل بردهاند
Рахти худ зини баҳри гавҳарҳо ба соҳил барда анд
رخت خود زین بحر گوهرها به ساحل برده اند
Мозӣ аз мстқбли ин анҷуман пар ме занад
ماضی از مستقبل این انجمن پر میزند
Ончии пеши чашм май оранд аз дил барда анд
آنچه پیش چشم میآرند از دل بردهاند
Ранги ҳоли ҳчкс бар ҳечкас равшан нашуд
رنگ حال هچکس بر هیچکس روشن نشد
Шамъ гул карданд ёрон ё зи маҳфил барда анд
شمعگلکردند یاران یا ز محفل بردهاند
Бар дар арбоби дунё ҳалқа мегиряд чу чашм
بر در ارباب دنیا حلقه میگرید چو چشم
Аз тағофули бас ки обрӯии соил барда анд
از تغافل بس که آبروی سایل بردهاند
Бо ду олами ҷилваи як тимсол пайдо нестем
با دو عالم جلوه یک تمثال پیدا نیستیم
Сӯрати ойӣнаи мо аз муқобил барда анд
صورت آیینهٔ ما از مقابل بردهاند
Шамъ сон дорем аз сар то қадами як узри ланг
شمعسان داریم از سر تا قدم یک عذر لنگ
Ранги ҳам аз рӯй мо бсёркоҳл барда анд
رنگ هم از روی ما بسیارکاهل بردهاند
Аз сари мӯ то сари нохуни дарин таслимгоҳ
از سر مو تا سر ناخن درین تسلیمگاه
Ҳар чаҳ оварадем назри теғи қотил барда анд
هر چه آوردیم نذر تیغ قاتل بردهاند
Гирди мо мақсади телаашон то куҷо гирад қарор
گرد ما مقصد تلاشان تا کجا گیرد قرار
Номаҳо ҳрсў ба боли саъии бсмл барда анд
نامهها هرسو به بال سعی بسمل بردهاند
Сайри мино боядат кардани парӣ бепарда нест
سیر مینا بایدت کردن پری بیپرده نیست
Ҳркҷои бурданди Лайлиро ба маҳмил барда анд
هرکجا بردند لیلی را به محمل بردهاند
Дар суроғи офияти беҳуда май сӯзии нафас
در سراغ عافیت بیهوده میسوزی نفس
Зини биёбони рафтагон бо хеши манзили барда а над
زین بیابان رفتگان با خویش منزل بردهاند
Аз фусуни сҳркориҳои ин мазраъ мапурс
از فسون سحرکاریهای این مزرع مپرس
Халқ хирман мекунад авҳоми ҳосил барда анд
خلق خرمن می کند اوهام حاصل بردهاند
Ин ниҳоли боғи ҳасрат аз чаҳ ҳурмон об дошт
این نهال باغ حسرت از چه حرمان آب داشت
Дӯд пеш омад ба ҳарҷо номи бедил барда анд
دود پیش آمد به هرجا نام بیدل بردهاند