Ба хаёли чашм ки мезанад қадаҳи ҷунуни дили танги мо
به خیالِ چشمِ که میزند قدحِ جنون، دلِ تنگ ما؟
Ки ҳазор майкада май дӯд ба рикоби гардиши ранги мо
که هزار میکده میدود، به رکابِ گردش رنگ ما
Ба ҳузури зовия адам задаем бар дар офият
به حضور زاویهٔ عدم، زدهایم بر در عافیت
Ки змнти нафас касе нгдозди оташи санги мо
که ز منت نفسِ کسی، نگدازد آتشِ سنگ ما
Ба дили шикастаи азин чаман задаем боли гузаштанӣ
به دل شکسته از این چمن زدهایم بالِ گذشتنی
Ки шитоб агарҳама хӯн шавад нарасад ба гирди диранги мо
که شتاب اگر همه خون شود، نرسد به گردِ درنگ ما
Касе аз табиати мунфаил ба кадоми шиква тараф шавад
کسی از طبیعتِ منفعل, به کدام شکوه طرف شود؟
Нафаси обёр арақ макун зҳдиси ғайрати ҷанги мо
نفس آبیارِ عرق مکن ز حدیثِ غیرت جنگ ما
Ба фусун ҳастӣ бихбр , зшксти шишаи дили ҳазар
به فسونِ هستیِ بیخبر ز شکستِ شیشهٔ دل, حذر!
Шаби хӯн ба хоб парӣ мабар зи фасонаҳои таранги мо
شب خون به خواب پری مبر ز فسانههای تُرنگ ما
Гуҳарии заҳри ду ҷаҳони гарон , шудаи хоки нисбати ҷисму ҷон
گهری ز هر دو جهان گران، شده خاک نسبت جسم و جان
Сабкем йени ҳама кин замон ба тарозуи омадаи санги мо
سبکیم اینهمه کاین زمان به ترازو آمده سنگ ما
зи дили фусурда ба нола Эй нарасед тоби втби нафас
ز دل فسرده به نالهای نرسید تابوتبِ نفس
Бибаред нохуни мутриби азграҳи бришми чанги мо
ببرید ناخن مطرب از گرهِ بریشمِ چنگ ما
Сухани ғурури ҷунуни асар , ба забони ҷуръати мост тар
سخن غرور جنوناثر، به زبان جرأت ماست تر
Мижа башиканӣ ба раҳи назар , прогрдҳӣ ба хаданги мо
مژه بشکنی به رهِ نظر، پر اگر دهی به خدنگ ما
Чаҳ фасонаи азалу абад чаҳ амли тарозии ҳирси вкд ?
چه فسانهٔ ازل و ابد، چه املطرازی حرص و کد
Ба ҳзорслслаҳ мекашад сртраҳи тўзчнги мо
به هزار سلسله میکِشد، سرِ طرهٔ تو ز چنگ ما
зи ғубори бедили нотавони дил нозукат нашавадгарон
ز غبار بیدل ناتوان دل نازکت نشود گران
Ки равад зёдтўхўдбаҳи худ чўнФси зоинаҳи занги мо
که رود ز یاد تو خودبهخود چو نفس ز آینه، زنگِ ما