Зои Ни нола ки шаб берахт афрохта будам
زان ناله که شب بی رخت افراخته بودم
Дргрдни гардун расан андохта будам
درگردن گردون رسن انداخته بودم
Ин олами ошуфта ки ҳастӣаст ғубораш
این عالم آشفته که هستی است غبارش
Рангӣаст ки ман субҳи азал бохта будам
رنگیست که من صبح ازل باخته بودم
Парвози ғуборами пар товус надорад
پرواز غبارم پر طاووس ندارد
Ҳамдӯши хаёлат нафасӣ тохта будам
همدوش خیالت نفسی تاخته بودم
Ҳайҳот ки фардо чаҳ шиносам ман ғофил
هیهات که فردا چه شناسم من غافل
Дирузи ҳам осори ту нашинохта будам
دیروز هم آثار تو نشناخته بودم
Пешонӣам охири зи арақ пок нигарадед
پیشانیام آخر ز عرق پاک نگردید
Каз тоби рахт оина нагудохта будам
کز تاب رخت آینه نگداخته بودم
Ҷузи боди нпимўдми азин дашти таваҳҳум
جز باد نپیمودم ازین دشت توهم
Чун субҳи тилисми нафасӣ сохта будам
چون صبح طلسم نفسی ساخته بودم
Дротшм аз нанги фузулӣ чаҳ тавон кард
درآتشم از ننگ فضولی چه توانکرد
ӯ дар бар ва ман оина пардохта будам
او در بر و من آینه پرداخته بودم
Хокистарами имрӯзи тасаллигар дӯд аст
خاکسترم امروز تسلیگر دود است
Парвонаи битоби ҳамин фохта будам
پروانهٔ بیتاب همین فاخته بودم
Бедил ! зи миёни дасти ғарибӣ ба дар омад
بیدل! ز میان دست غریبی به در آمد
Теғӣ ки ба майдони ғурур охта будам
تیغیکه به میدان غرور آخته بودم