Ҳубобати соғар ва бо баҳри тӯфони пеш май ое

حبابت ساغر و با بحر توفان پیش می‌آیی

Ҳазар каз икнФси танагии бурун аз хеш май ое

حذر کز یکنفس تنگی برون از خویش می‌آیی

Ҳаловати орзўииҳои газанд омодааст ӣнҷо

حلاوت آرزوییها گزند آماده است اینجا

Ҳамагар дар асали пои афшурӣ бар неш май ое

همه ‌گر در عسل پا افشری بر نیش می‌آیی

Дар он маҳфил ки нози одамияти хирс ва буз дорад

در آن محفل‌ که ناز آدمیت خرس و بز دارد

Маҳосин май фурӯшӣ ҳарқадр бо риш май ое

محاسن می‌فروشی هرقدر با ریش می‌آیی

Бирав онҷо ки сақфи симкору қаср зар бошад

برو آنجا که سقف سیمکار و قصر زر باشد

Ту шайтонии куҷои дрклбаҳи дарвеш май ое

تو شیطانی کجا درکلبهٔ درویش می‌آیی

Дар аҳли мзблаҳи ганди ҳдс таъсиҳо дорад

در اهل مزبله‌گند حدث تاثیرها دارد

Хабосат пеша кун дунёсти охири пеш май ое

خباثت پیشه‌کن دنیاست آخر پیش می‌آیی

Чаҳ афсун ӣнқадарҳо дорад аз қурби дилати ғофил

چه افسون اینقدرها دارد از قرب دلت غافل

Ки манзил дар бағал гум карда дурандеш май ое

که منزل در بغل‌ گم‌کرده دوراندیش می‌آیی

Ба урёнии сари як ришта домонат наме гирад

به عریانی سر یک رشته دامانت نمی‌گیرد

Ҷунун кунгар бурун аз олами ташвиш май ое

جنون‌کن‌ گر برون از عالم تشویش می‌آیی

Ҳубоб нақд ҳастӣ имтиҳонӣ дорад аз сифрат

حباب نقد هستی امتحانی دارد از صفرت

Камии ҳам зини миёнгар рафта бошӣ беш май ое

کمی هم زین میان‌ گر رفته باشی بیش می‌آیی

Ҳамин овозам аз дилҳои дард олуд ме ояд

همین آوازم از دلهای درد آلود می‌آید

Ки марҳами шӯ агар бар остони риш май ое

که مرهم شو اگر بر آستان ریش می‌آیی

Баҳорати бедили охир дар чаҳ гулзор ошён дорад

بهارت بیدل آخر در چه ‌گلزار آشیان دارد

Ки умрӣ шуд ба чандини ранги пеши хеш май ое

که عمری شد به چندین رنگ پیش خویش می‌آیی