Муҳаббати бас ки пар кард аз вафои ҷону тани мо ро

محبت بس که پر کرد از وفا جان و تن ما را

Кунад Юсуфи садогар бӯ кунӣ пероҳани мо ро

کند یوسف صدا گر بو کنی پیراهن ما را

Чу саҳрои машраби мо нанги ваҳшати барнамеи тобад

چو صحرا مشرب ما ننگ وحشت برنمی‌تابد

Нигаҳ дорад худо аз танагии чини домани мо ро

نگه دارد خدا از تنگی چین دامن ما را

Чунон мутлақ Аннан тозаст шамъи мо аз ин маҳфил

چنان مطلق عنان‌تاز است شمع ما از این محفل

Ки ранг рафта дорад пос аз худ рафтан мо ро

که رنگ رفته دارد پاس از خود رفتن ما را

Хиромаш дар дил ҳар зарраи сад тӯфон ҷунун дорад

خرامش در دل هر ذره صد توفان جنون دارد

Аннан гиред ин оташ ба олами афкани мо ро

عنان گیرید این آتش‌به‌عالم‌افکنِ ما را

Гуҳар дорад ҳисори обрӯ дар забти амвоҷаш

گهر دارد حصار آبرو در ضبط امواجش

Миндозиди зи оғӯши адаби пероҳани мо ро

میندازید ز آغوش ادب پیراهن ما را

Фалак дар хок меғалтид аз шарми сарафрозӣ

فلک در خاک می‌غلتید از شرم سرافرازی

Агар медид миъроҷи зи пои афтодани мо ро

اگر می‌دید معراج ز پا افتادن ما را

Ба ашк афтод кори оҳи мо аз пеши по дидан

به اشک افتاد کار آه ما از پیش پا دیدن

зи шабнами бол тар гардид субҳи гулшани мо ро

ز شبنم بال تر گردید صبح گلشن ما را

Ҳавас ҳар сӯи бисоти нози дигар паҳн ме чӣанд

هوس هر سو بساط ناز دیگر پهن می‌چیند

Надид ин бе хабари мижгон ба ҳам овардан мо ро

ندید این بی‌خبر مژگان به‌هم‌آوردن ما را

Аз ин хошоки авҳомӣ ки дорад мазраъ ҳастӣ

از این خاشاک اوهامی که دارد مزرع هستی

Ба гов чарх натавон пок кардани хирмани мо ро

به گاو چرخ نتوان پاک کردن خرمن ما را

Чу моҳии хорхори табъ дар кораст ва мо ғофил

چو ماهی خارخار طبع در کار است و ما غافل

Ки бар амвоҷ пӯшоанда сети гардуни ҷавшани мо ро

که بر امواج پوشانده‌ست گردون جوشن ما را

зи оби зиндагӣ то бугзарад ташвиши раъное

ز آب زندگی تا بگذرد تشویش رعنایی

Хами вазъи адаб пул кард дӯшу гардани мо ро

خم وضع ادب پل کرد دوش و گردن ما را

Ба ҳарфу савт то кӣ тирасозӣ вақти мо бедил

به حرف و صوت تا کی تیره سازی وقت ما بیدل

Чароғ чорсў мапаснд табъи равшани мо ро

چراغ چارسو مپسند طبع روشن ما را

Хониш
ғзл шморҳ 50 — ъндлӣб