Равшании кафи Мӯсои ҳамаи азрўии ту буд
روشنی کف موسی همه ازروی تو بود
Тирагии дили фиръавни ҳам азмўии ту буд
تیرگی دل فرعون هم ازموی تو بود
Дами исо ки аз ӯ азм Ромем эҳё шуд
دم عیسی که از او عظم رمیم احیا شد
Рамзӣ аз муъҷизаи лаъли сухангӯии ту буд
رمزی از معجزه لعل سخنگوی تو بود
Аз биҳишти он ҳамаи таъриф ки зоҳид ме кард
از بهشت آن همه تعریف که زاهد می کرد
Чу раседем ҳамаи васфи сари кӯй ту шуд
چو رسیدیم همه وصف سر کوی تو شد
Он ҳамаи васф ки аз кавсар втўбӣ ме гуфт
آن همه وصف که از کوثر وطوبی می گفت
Чун бидидем лаби вқомти дилҷӯии тўбўд
چون بدیدیم لب وقامت دلجوی توبود
Он ҳилолӣ ки аёни гашту шдонгшти намо
آن هلالی که عیان گشت و شدانگشت نما
Қади хамидаи чўкмон аз хами гесуии ту буд
قد خمیده چوکمان از خم گیسوی تو بود
Раҳ набардем ба сӯии тўзҳри сӯгар чаҳ
ره نبردیم به سوی توزهر سوگر چه
Шоҳроҳӣ ба дӯроҳии ҳамаро сӯии тўбўд
شاهراهی به دوراهی همه را سوی توبود
Кӯҳро каси нтўондкнди азҷои дили ман
کوه را کس نتواندکند ازجا دل من
Ки зҷо канда шуд аз қӯти бозуии ту буд
که زجا کنده شد از قوت بازوی تو بود
Ин парешонеи ҳоли дилам имрӯзӣ нест
این پریشانی حال دلم امروزی نیست
Каз азал буд парешони вази гесуии ту буд
کز ازل بود پریشان وز گیسوی تو بود
Ном карданд аз он рӯй баланди иқболам
نام کردند از آن روی بلند اقبالم
Ки чўзлФти сари ман дӯш ба зонуии ту буд
که چوزلفت سر من دوش به زانوی تو بود