эй ғамза тез карда ба қасди ҳалоки мо
ای غمزه تیز کرده به قصد هلاک ما
Бар бод дода оташи ишқи ту хоки мо
بر باد داده آتش عشق تو خاک ما
Сад дили фидои чоки гиребону доманат
صد دل فدای چاک گریبان و دامنت
Охир бипурс ҳоли дили чоки чоки мо
آخر بپرس حال دل چاک چاک ما
Оташ гирифт синаи зи сӯзи даруни ман
آتش گرفت سینه ز سوز درون من
Андеша кун зи сӯзи дили дардноки мо
اندیشه کن ز سوز دل دردناک ما
Ҳамчун бунафшаи сари бадари орм ба пои бӯс
همچون بنفشه سر بدر آرم به پای بوس
Сарви ту гар кунад гузарӣ бар муғоки мо
سرو تو گر کند گذری بر مغاک ما
Соқӣ биор кӯза ва пар кун ки рӯзгор
ساقی بیار کوزه و پر کن که روزگار
Рӯзӣ буд ки кӯза бисозад зи хоки мо
روزی بود که کوزه بسازد ز خاک ما
Тарсам ки оҳи ибни ҳисом оташин кунад
ترسم که آه ابن حسام آتشین کند
Ойӣнаи замири мусаффои поки мо
آیینهٔ ضمیر مصفّای پاک ما