Ишқи тугар залоли дили мостгар ршод

عشق تو گر ضلال دل ماست گر رشاد

Моро тўӣии з ҳар ду ҷаҳони ғояти мурод

ما را توئی ز هر دو جهان غایت مراد

Мо ишқи ту бмбдءи фитрат гузида ем

ما عشق تو بمبدء فطرت گزیده ایم

Ва зи баҳри рӯҳи сохта зу тӯшаи маъод

و ز بهر روح ساخته زو توشه معاد

Гар макри душман аз ту ҷудо мекунад маро

گر مکر دشمن از تو جدا میکند مرا

Лотнқси алмҳбаҳи болҳҷру албъод

لاتنقص المحبه بالهجر و البعاد

Давр аз ҷамолати оташи ҳиҷр ар бсўздм

دور از جمالت آتش هجر ار بسوزدم

Гирад ҳавои кӯии ту ҳар зарра аз рмод

گیرد هوای کوی تو هر ذره از رماد

Маҳсӯб дар шумори валикин на ошкор

محسوب در شمار ولیکن نه آشکار

Нақши даҳони танги ту чун фораду зи бод

نقش دهان تنگ تو چون فارد و ز باد

Чун нави арӯси фикр ту ояд бҷлўаҳи гоҳ

چون نو عروس فکر تو آید بجلوه گاه

Онлҳзаҳ ё зи ғояти ихлос ё з дод

آنلحظه یا ز غایت اخلاص یا ز داد

Раҳмӣ кун эйнигор ки дар киштзори умр

رحمی کن ای نگار که در کشتزار عمر

Ҷузи кишти хеши ндрўии андари гуҳи ҳсод

جز کشت خویش ندروی اندر گه حصاد

эй дили ризои дӯсти ?герат даст медиҳад

ای دل رضای دوست گرت دست میدهد

Аз душманон чаҳ бок ки бошанд бо ъинод

از دشمنان چه باک که باشند با عناد

Ибни ямини бпоӣ ту хоҳад фиканд сар

ابن یمین بپای تو خواهد فکند سر

Кар зол кард қофия ва ҳар чаҳ боди бод

کر ذال کرد قافیه و هر چه باد باد