Марои фалак бмўоъид мефирефт валек
مرا فلک بمواعید میفریفت ولیک
Аз он ҳазор яке бо раҳе накард вафо
از آن هزار یکی با رهی نکرد وفا
Замона чанд гуҳӣ дар ҳавои бўку магар
زمانه چند گهی در هوای بوک و مگر
Ғурур дода бомед сами хайри маро
غرور داده بامید ثم خیر مرا
Чу зон ғурури биҷузи ранҷ дил нашуд ҳосил
چو زان غرور بجز رنج دل نشد حاصل
Малули гашти зи асҳоби мансаби воло
ملول گشت ز اصحاب منصب والا
Бҳсби ҳоли худ инак басӯрат тазмин
بحسب حال خود اینک بصورت تضمین
Бар аҳли маърифати ин байт мекунам имло
بر اهل معرفت این بیت میکنم املا
Марои сухани зи мафоъилу фоилот буд
مرا سخن ز مفاعیل و فاعلات بود
Ман аз куҷои сухани сари мамлакати зи куҷо
من از کجا سخن سر مملکت ز کجا