Бурҳони дайну ҳуҷҷати исломи хоҷаи наср
برهان دین و حجت اسلام خواجه نصر
эй манзари ту мазҳари алтофи кирдигор
ای منظر تو مظهر الطاف کردگار
Ваии онкии хокпои турои шоҳи ахтарон
وی آنکه خاکپای ترا شاه اختران
Зебад ки тоҷ сар кунад аз баҳри ифтихор
زیبد که تاج سر کند از بهر افتخار
Ман банда дар мадоеҳи султони мъзи дайн
من بنده در مدایح سلطان معز دین
Гуфтам қасидаи ӣии хушу матбӯъу обдор
گفتم قصیده ئی خوش و مطبوع و آبدار
Аввал бар остони тўоши арзаи доштам
اول بر آستان تواش عرضه داشتم
Барадӣ бар осмонаши зи таҳсини бишмор
بردی بر آسمانش ز تحسین بیشمار
Ва охир нагашт хотири ту мултафити бади онк
و آخر نگشت خاطر تو ملتفت بد آنک
Шеърами бФри мадҳат шаҳ ёбад иштиҳор
شعرم بفر مدحت شه یابد اشتهار
Зинрў чу зари носара дар даст ман бимонад
زینرو چو زر ناسره در دست من بماند
Ҳар чанд буд поктар аз дар шоҳвор
هر چند بود پاکتر از در شاهوار
Ореи баҳри куҷо ки рӯми ҳирфаи алодб
آری بهر کجا که روم حرفه الادب
Бошад марои мулозиму ҳамроҳу ёри ғор
باشد مرا ملازم و همراه و یار غار
Вар нест ҳирфаи алодби охири з баҳр чист
ور نیست حرفه الادب آخر ز بهر چیست
Кини бандаро зи садумати эҳдоси рӯзгор
کین بنده را ز صدمت احداث روزگار
Пайваста бо аноят чун ту мари биӣӣ
پیوسته با عنایت چون تو مر بیئی
Чун холу зулфи симбронсти ҳолу кор
چون خال و زلف سیمبرانست حال و کار
Шеъри маро ки арсаи олам фурӯ гирифт
شعر مرا که عرصه عالم فرو گرفت
Монанди сяти муъаддилати шоҳи комкор
مانند صیت معدلت شاه کامکار
Ҳқо ки дар ҷаноби аФозли моби ту
حقا که در جناب افاضل مآب تو
Дорам тамаъ ки беҳтар азин бошад эътибор
دارم طمع که بهتر ازین باشد اعتبار