То бар қарори ҳасании дил беқарор бошад

تا بر قرار حسنی دل بی‌قرار باشد

То рӯй ту набинам ҷон сӯгвор бошад

تا روی تو نبینم جان سوگوار باشد

То пеш ту намирад ҷонам нагирад ором

تا پیش تو نمیرد جانم نگیرد آرام

То буии ту наёбади дил беқарор бошад

تا بوی تو نیابد دل بی‌قرار باشد

Ҷоно , зи ишқи рӯят ҷонам расед бар лаб

جانا، ز عشق رویت جانم رسید بر لب

То кӣ зи орзӯяти бечора зор бошад ?

تا کی ز آرزویت بیچاره زار باشد؟

Онро махоҳ бе дили кӯ бе ту ҷон нахоҳад

آن را مخواه بی‌دل کو بی‌تو جان نخواهد

Онро мадори душмани кат дӯстдор бошад

آن را مدار دشمن کت دوستدار باشد

Дармон агар надорӣ , борӣ ба дарди ёди ор

درمان اگر نداری، باری به درد یاد آر

Каз дӯст ҳарчӣ ояд он ёдгор бошад

کز دوست هرچه آید آن یادگار باشد

Бо дарди хуши тавон буд умрӣ ба буии дармон

با درد خوش توان بود عمری به بوی درمان

Бо ғами басари тавон барадгар ғмгсор бошад

با غم بسر توان برد گر غمگسار باشد

Хоҳӣ бисоз корам , хоҳӣ бисӯз ҷонам

خواهی بساز کارم، خواهی بسوز جانم

Бо кори подшоҳони моро чаҳ кор бошад ?

با کار پادشاهان ما را چه کار باشد؟

Аз интизор васлат омад ба ҷони ироқӣ

از انتظار وصلت آمد به جان عراقی

То кӣ ғарибу хаста дар интизор бошад ?

تا کی غریب و خسته در انتظار باشد؟

Хониш
ғзл шморҳ 84 — кӣвон ъорвон