Ҷузи ҳадиси ту ман наме донам

جز حدیث تو من نمی‌دانم

Хомшӣ аз сухан наме донам

خامشی از سخن نمی‌دانم

Дар каманди ғами ту пои бастам

در کمند غم تو پا بستم

Ваз май иштиёқи ту мастам

وز می اشتیاق تو مستم

Дидаи мо , агар чаҳ бенур аст

دیدهٔ ما، اگر چه بی‌نور است

Лек наздики байн ҳар давр аст

لیک نزدیک بین هر دور است

Сокинаст ӯ , магар ту башитобӣ

ساکن است او، مگر تو بشتابی

Дар наёбад , магар ту дарёбӣ

در نیابد، مگر تو دریابی

Гарчи мо худ на марди ишқи тўоим

گرچه ما خود نه مرد عشق توایم

Лек ҷӯёни дарди ишқи тўоим

لیک جویان درد عشق توایم

Толибонро раҳ талаб бигушоӣ

طالبان را ره طلب بگشای

Роҳи мақсӯдро ба мо бинмоӣ

راه مقصود را به ما بنمای

Дилу дунёии хеш дар Кувайт

دل و دنیای خویش در کویت

Ҳама додам ба дидани рӯят

همه دادم به دیدن رویت

Ёрб , ин давлатами муяссари бод

یارب، این دولتم میسر باد

Ки ба дидори дӯсти гирдами шод

که به دیدار دوست گردم شاد