То ҷаҳони баҳру сухани гавҳар ва инсон садафаст

تا جهان بحر و سخن گوهر و انسان صدفست

Гавҳари баҳри сухани мадҳат шоҳ Наҷафаст

گوهر بحر سخن مدحت شاه نجفست

Волии малики араби сарвари ашрофи Қурайш

والی ملک عرب سرور اشراف قریش

Онкии ташрифи қудумаши ду ҷаҳонро шарафаст

آنکه تشریف قدومش دو جهان را شرفست

Шамъ ҷамъаст чу дар гӯша ӣ миҳроб дуост

شمع جمعست چو در گوشه ی محراب دعاست

Офтобӣаст фурӯзанда чу дар пеш сафаст

آفتابیست فروزنده چو در پیش صفست

Нағма ӣ меҳри алӣ аз дили пари дарди шинав

نغمه ی مهر علی از دل پر درد شنو

Кин на савтӣаст ки дар замзама ӣ чанг ва дафаст

کاین نه صوتیست که در زمزمه ی چنگ و دفست

Кун факони амру қазои ҳукму ядуллоҳи хитоб

کن فکان امر و قضا حکم و یدالله خطاب

Осмони рифъату дарёи дил ва хуршед кафаст

آسمان رفعت و دریا دل و خورشید کفست

Сомъи мадҳ алӣ бош на афсонаи ғайр

سامع مدح علی باش نه افسانهٔ غیر

Садафи гавҳари шҳўор на ҷои хзФст

صدف گوهر شهوار نه جای خزفست

Нақди умрӣ ки на дар тоъат ӯ сарф шавад

نقد عمری که نه در طاعت او صرف شود

Гар буд зиндагии Хизр саросар талафаст

گر بود زندگی خضر سراسر تلفست

Ҳар ки гардан кашад аз бандагии оли алӣ

هر که گردن کشد از بندگی آل علی

Фии алмислгар писари Нӯҳ буд нохлФст

فی المثل گر پسر نوح بود ناخلفست

эй сарафроз ки аз гармии рӯзи ърсот

ای سرافراز که از گرمی روز عرصات

Халқро соя ӣ алтофи ъмимти кнФст

خلق را سایه ی الطاف عمیمت کنفست

Ҳосили баҳри азали гавҳар икдонаҳ ӯст

حاصل بحر ازل گوهر یکدانهٔ اوست

Сӯрати анҷуму ашколи фалаки ҷӯш ва кафаст

صورت انجم و اشکال فلک جوش و کفست

Қурси ховари садафи гавҳар асрор алӣаст

قرص خاور صدف گوهر اسرار علیست

Равшани он гавҳари шҳўор ки инаш садафаст

روشن آن گوهر شهوار که اینش صدفست

Илм ӯ нури шиносоӣ хуршед бақост

علم او نور شناسایی خورشید بقاست

Сар ӯ оина ӣ луи кашф ва ман урфаст

سر او آینه ی لو کشف و من عرفست

Нашавад мунбасит аз буии алии гулшан ӯ

نشود منبسط از بوی علی گلشن او

Ҳайвонӣ ки дилаши баста ӣ об ва алафаст

حیوانی که دلش بسته ی آب و علفست

Гар хасиро брёсти бгзиннди хасон

گر خسی را بریاست بگزینند خسان

Натавон дар раҳ ӯ рафт ки қавл салафаст

نتوان در ره او رفت که قول سلفست

Фориғ аз мӯату ҳаётам ба таманнои алӣ

فارغ از موت و حیاتم به تمنای علی

Неи зи мўтми ҳазару неи з ҳаётам шаафаст

نی ز موتم حذر و نی ز حیاتم شعفست

Шамъи айвони ту эмин задам бод сабост

شمع ایوان تو ایمن زدم باد صباست

Моҳи иқболи ту эмини зи кусуфу клФст

ماه اقبال تو ایمن ز کسوف و کلفست

Зикри тасбеҳи ту мқбл буд вақти рукӯъ

ذکر تسبیح تو مقبل بود وقت رکوع

Аз камони тири дуои ту равон бар ҳадафаст

از کمان تیر دعای تو روان بر هدفست

Бар ту аз Аҳмади мухтори слўтсту салом

بر تو از احمد مختار صلوتست و سلام

Бар ту аз мабдаи файёзи дуруд ва туҳафаст

بر تو از مبدأ فیاض درود و تحفست

Қасри иқбол ту ҷоеаст ки аз рифъату қадар

قصر اقبال تو جاییست که از رفعت و قدر

Лмъаҳ ӣ шамсу қамари партави нури ғрФст

لمعه ی شمس و قمر پرتو نور غرفست

Сӯзи гуфтори фиғонии дили кӯҳи обилаи сохт

سوز گفتار فغانی دل کوه آبله ساخت

Ин ҳануз аз ҷигари сӯхтааш тоб ва туфаст

این هنوز از جگر سوخته اش تاب و تفست

То зи нури назари саъди барин тоқи баланд

تا ز نور نظر سعد برین طاق بلند

Ахтари бахти ту пайваста ббрҷ шарафаст

اختر بخت تو پیوسته ببرج شرفست

Сияҳ аз санги балои бод ба гирдоби аҷал

سیه از سنگ بلا باد به گرداب اجل

Рӯй идбори язидӣ ки чу пушт кашфаст

روی ادبار یزیدی که چو پشت کشفست