Сиришки лаъли ман ҳосили гули озор май орад

سرشک لعل من حاصل گل آزار می‌آرد

Гуҳар май резаму санги маломати бор май орад

گهر می‌ریزم و سنگ ملامت بار می‌آرد

Шикаст аз дидаи бдхўрди ҷомами ин сазоӣ ӯ

شکست از دیدهٔ بدخورد جامم این سزای او

Ки суҳбатро зи хилват бар сари бозор май орад

که صحبت را ز خلوت بر سر بازار می‌آرد

Шароби талх бо маҳбӯби сими андоми нӯшидан

شراب تلخ با محبوب سیم‌اندام نوشیدن

Фараҳ дорад вале талхии сад он миқдор май орад

فرح دارد ولی تلخی صد آن مقدار می‌آرد

Макун айби ман аз мастӣу сарбозӣ ки ишқаст ин

مکن عیب من از مستی و سربازی که عشق است این

Ки гардани бастаи шеронро ба пои дор май орад

که گردن‌بسته‌شیران را به پای دار می‌آرد

Басои марди саломати рӯ ки баҳри як замони мастӣ

بسا مرد سلامت رو که بهر یک زمان مستی

Шаробаши мўкшон дар хизмати хумор май орад

شرابش موکشان در خدمت خمار می‌آرد

Ба ҷони бахшеи ман он кас ки доим мекунад инкор

به جان‌بخشی من آن کس که دایم می‌کند انکار

Агар як ҷуръа май нӯшади равони иқрор май орад

اگر یک جرعه می‌نوشد روان اقرار می‌آرد

Фиғонии моҳи шабгарди ту шаб аз айни айёрӣ

فغانی ماه شبگرد تو شب از عین عیاری

Гузар дар чашм бехобу дили бедор май орад

گذر در چشم بی‌خواب و دل بیدار می‌آرد