Турои гузида барои газанди хештанам

ترا گزیده برای گزند خویشتنم

Ҳалоки митлбм на бинад хештанам

هلاک میطلبم نه بیند خویشتنم

Гули муроди зи нахли ту он қадри чидам

گل مراد ز نخل تو آنقدر چیدم

Ки шармсори зи бахти баланди хештанам

که شرمسار ز بخت بلند خویشتنم

Ту гарм гашта ва ман дили ниҳода бар оташ

تو گرم گشته و من دل نهاده بر آتش

Чаҳ ҳолатаст ки ҳам худсапанди хештанам

چه حالتست که هم خودسپند خویشتنم

зи айши талхи худам ханда ояд эй душман

ز عیش تلخ خودم خنده آید ای دشمن

Кунад ҳалоки ҳамин заҳр ханд хештанам

کند هلاک همین زهر خند خویشتنم

Гарм мурод набахше муроди хотири тест

گرم مراد نبخشی مراد خاطر تست

На бар муроди дили дардманди хештанам

نه بر مراد دل دردمند خویشتنم

Бъшқ агарчӣ ҳамаи умри панди худ дом

بعشق اگرچه همه عمر پند خود دام

Кифоятӣ нашуд охири зи панди хештанам

کفایتی نشد آخر ز پند خویشتنم

На сайди лоғари ёрами фиғонӣ аз чаҳ сабаб

نه صید لاغر یارم فغانی از چه سبب

Бадаст зӯр кашад дар каманди хештанам

بدست زور کشد در کمند خویشتنم