Шуд балои чашми ту эй глрхсор
شد بلا چشم تو ای گلرخسار
Нуқтаи зери балои холи изор
نقطه زیر بلا خال عذار
Инки дар ҷону дил оташ зада Эй
اینکه در جان و دل آتش زدهای
Дил азин ҳаст ба ҷони миннати дор
دل ازین هست به جان منت دار
Бодаи лаъли лабати пеши назар
باده لعل لبت پیش نظر
Аз чаҳ шуд чашми ту дар айни хумор
از چه شد چشم تو در عین خمار
Ҷилваи сарви равони ту ҳаёт
جلوه سرو روان تو حیات
Диҳад аммо кашадам дар рафтор
دهد اما کشدم در رفتار
Соқиои соғари айшат чу пар аст
ساقیا ساغر عیشت چو پر است
Нӯшу навашон ба замини брмгзор
نوش و نوشان به زمین برمگزار
Булбул ар шефтаи гулшани гашт
بلبل ار شیفته گلشن گشت
Дид дар ҳар гулаш аммо сад хор
دید در هر گلش اما صد خار
Фонё аз чамани даҳри бабр
فانیا از چمن دهر ببر
Шохи умед ки он норади бор
شاخ امید که آن نارد بار