Ман ки ҳрдми зи фалаки сад ?илам ояд пешам

من که هردم ز فلک صد الم آید پیشم

Ғайри беҳӯшӣу мастӣ чаҳ салоҳи андешам ?

غیر بیهوشی و مستی چه صلاح اندیشم؟

Гар ба зуннори миён чуст кунам айби мадор

گر به زنار میان چست کنم عیب مدار

Ман ки дар хизмати он қотили коФркишм

من که در خدمت آن قاتل کافرکیشم

Накунад суди марои кисвати дарвешона

نکند سود مرا کسوت درویشانه

Зонка дар хирқаи фақри омадаи нодрўишм

زانکه در خرقه فقر آمده نادرویشم

Софи ъушрати з чаҳ рӯ кам расадам аз ушшоқ

صاف عشرت ز چه رو کم رسدم از عشاق

Чунки дар дрдкшӣ аз ҳамаи риндони пешам

چونکه در دُردکشی از همه رندان پیشم

Хӯни акшм аҷабӣ нест чу он лؤлؤўш

خون اکشم عجبی نیست چو آن لؤلؤوَش

Зада бар мардумаки дидаи зи мижгони нешам

زده بر مردمک دیده ز مژگان نیشم

Маҳвашон гарчи блоинд чаҳ ғам эй фонӣ ?

مهوشان گرچه بلایند چه غم ای فانی؟

Ман чу дар ишқи гирифтори балои хешам

من چو در عشق گرفتار بلای خویشم