Зин ҳафт хон ки поя ӯ бар сар фаност
زین هفتخوان که پایه او بر سر فناست
Дар шаш ҷиҳат ба ҳар чаҳ назар мекунӣ хатост
در شش جهت به هر چه نظر میکنی خطاست
Бечораи он дилӣ ки кунад такя бар сипеҳр
بیچاره آن دلی که کند تکیه بر سپهر
Саргаштаи он сиррӣ ки ба болин Асияст
سرگشته آن سری که به بالین آسیاست
Занни саботи даъвии роҳати дарин ҷаҳон
ظن ثبات دعوی راحت درین جهان
Тафсир ҳар ду ояи симурғ ва кимиёст
تفسیر هر دو آیه سیمرغ و کیمیاست
Дил бар либоси орият зиндагӣ манеҳ
دل بر لباس عاریت زندگی منه
Кин ҷомаи тораш аз адаму пудаш аз фаност
کاین جامه تارش از عدم و پودش از فناست
Нақулӣ зи косаи сар фағфур ме кунад
نقلی ز کاسه سر فغفور میکند
Гӯшт агар зи косаи чинии пар аз садост
گوشت اگر ز کاسه چینی پر از صداست
Бе иллатии набӯдаи ҷаҳони ҳеҷ гуҳ вале
بیعلتی نبوده جهان هیچگه ولی
Зини пеш , парда дошта имрӯз бармалост
زین پیش، پرده داشته امروز برملاست
Имрӯз чун ба дайу париваши ҳасад буд
امروز چون بهدی و پریوش حسد بود
Фардо чаҳ гӯна бошад , каш рӯй брқФост
فردا چهگونه باشد، کش روی برقفاست
Ҷамъиятаст сохтаи аздодро ба ҳам
جمعیت است ساخته اضداد را به هم
Бар ихтилоти сохта , дилбастагӣ хатост
بر اختلاط ساخته، دلبستگی خطاست
Гирами мунофиқонаи баҳам гарм улфатанд
گیرم منافقانه بهم گرم الفتند
Чун даст ёфтанд баҳам , хӯнашони ҳбост
چون دست یافتند بهم، خونشان هباست
Ҳон дар чаҳор болаши имкон чаҳ хуфтае ?
هان در چهار بالش امکان چه خفتهای؟
Бархез каз барои ту афлок муттакост
برخیز کز برای تو افلاک متکاست
Ҳмошёни зоғу заған чун шавад ба табъ !
هماشیان زاغ و زغن چون شود به طبع!
Он ҳимматӣ ки бар пари анқоаши нукта ҳост
آن همتی که بر پر عنقاش نکتههاست
Симурғи қофро накушуд дил ба санглох
سیمرغ قاف را نکشد دل به سنگلاخ
Кӣ устихони зоғу заған туъма ҳумост !
کی استخوان زاغ و زغن طعمه هماست!
Хоҳии бимир то ки шӯии зиндаи абад
خواهی بمیر تا که شوی زنده ابد
Оби бақо барои ту дар коса фаност
آب بقا برای تو در کاسه فناست
эй абр , тираи рӯзи туу рӯзгори ту
ای ابر، تیره روز تو و روزگار تو
Борони гиряи сркн агар мелат анҷлост
باران گریه سرکن اگر میلت انجلاست
Чун барқ дар мшимаҳи ин тираи фоми абр
چون برق در مشیمه این تیرهفام ابر
Умрат ба ханда мераваду ҳосилати бкост
عمرت به خنده میرود و حاصلت بکاست
Дар синаи дили муқайяди сайд магас макун
در سینه دل مقید صید مگس مکن
Анқои ҳам ошиёнаи дарин ошён турост
عنقا هم آشیانه درین آشیان تراست
Фархундаи тоиристи дилат , туъмаи маърифат
فرخنده طایریست دلت، طعمه معرفت
Гар устихон ҷаҳл кунӣ туъмаи ?ут , хатост
گر استخوان جهل کنی طعمهات، خطاست
Брхорбсти тан ба ҳақорат назар макун
برخاربست تن به حقارت نظر مکن
Кин бута хазон зада мстўкр ҳумост
کاین بوته خزانزده مستوکر هماست
Ҳамчун занони фирефтаи расму одатӣ
همچون زنان فریفته رسم و عادتی
эй чодари русум ба сар , мардят куҷост ?
ای چادر رسوم به سر، مردیت کجاست؟
Дархуради лофи ҳиммати мардонаи нестӣ
درخورد لاف همت مردانه نیستی
Тифлӣ ҳануз ва ин лбн одатат ғизост
طفلی هنوز و این لبن عادتت غذاست
Брхўиши фарзи рӯза Марям накарда чун
برخویش فرض روزه مریم نکرده چون
Даъвӣ кунӣ ки бкрдми ман Масеҳ зост !
دعوی کنی که بکردم من مسیحزاست!
Кӯтоҳ мекунанд чу дасти ту бе гумон
کوتاه میکنند چو دست تو بیگمان
Худ даст агар зи моидаҳ бардоштӣ равост
خود دست اگر ز مایده برداشتی رواست
Мӯат иродатӣаст турои оби зиндагӣ
موت ارادتی است ترا آب زندگی
Мат қабл ани тмўти бойен чашма раҳнамост
مت قبل ان تموت باین چشمه رهنماست
Мати болородаҳи ҷони ман имрӯзи азин амл
مت بالاراده جان من امروز ازین امل
Гртҳиии болтбиъаҳи туро моя раҷост
گرتحیی بالطبیعه ترا مایه رجاست
Мурдани дарин сарочаи фонӣ ба коми дил
مردن درین سراچه فانی به کام دل
Таърихи муваллиди ту ба ъшртгаҳ бақост
تاریخ مولد تو به عشرتگه بقاست
Гар ин либоси орият аз тан бурун кунӣ
گر این لباس عاریت از تن برون کنی
Дар зери он барои ту омодаи ҳала ҳост
در زیر آن برای تو آماده حلههاست
Дар дӯзахи табиат агар сӯхтӣ кунун
در دوزخ طبیعت اگر سوختی کنون
Фардои биҳишти нақди туро дар каф ризост
فردا بهشت نقد ترا در کف رضاست
Вар зонка мари аворизи табъат буд биҳишт
ور زانکه مر عوارض طبعت بود بهشت
Дар дӯзахӣ чу бар арзати дасти норсост
در دوزخی چو بر عرضت دست نارساست
Чун нафасро гзир набошад зи дӯзахӣ
چون نفس را گزیر نباشد ز دوزخی
ӣнҷо кун ихтиёр ки ҳам зудаши анқзост
اینجا کن اختیار که هم زودش انقضاست
Бе заҳмати гудози тиллоро халос нест
بیزحمت گداز طلا را خلاص نیست
Ҷаври табиати оташу нафаси ту чун тиллост
جور طبیعت آتش و نفس تو چون طلاست
Донистаи марди дайни ситам чарх ме кашад
دانسته مرد دین ستم چرخ میکشد
Ҳарчанд ҳукм ӯ ба сар осмон равост
هرچند حکم او به سر آسمان رواست
Дунёсти пушти оинаи ъқбост рӯй он
دنیاست پشت آینه عقباست روی آن
Инро ҳамаи кудурат ва онро ҳама сафост
این را همه کدورت و آن را همه صفاست
Ойӣнагар ба амд кунад тираи пушти вай
آیینه گر به عمد کند تیره پشت وی
Кин тирагии пушт бар ӯ моя ҷилост
کاین تیرگی پشت بر او مایه جلاست
Хоҳӣ агар ба фарз ки пушташ чу рӯ кунӣ
خواهی اگر به فرض که پشتش چو رو کنی
Он пушт рӯ нагардад ва он рӯй худ қафост
آن پشت رو نگردد و آن روی خود قفاست
Дунёу охирати з чаҳ касро наме диҳанд
دنیا و آخرت ز چه کس را نمیدهند
Гар ваҳм кардае ки з бухласт , ин хатост !
گر وهم کردهای که ز بخل است، این خطاست!
Шабро ба рӯз ҷамъ накардаст ҳеҷ кас
شب را به روز جمع نکردست هیچکس
Ҷамъи злом ва нур наёяд ба феъли рост
جمع ظلام و نور نیاید به فعل راست
Маъқӯлро тасаввур маҳсус карда Эй
معقول را تصور محسوس کردهای
Ин пунбаи ?ут ба гӯши дил аз ғоят шифост
این پنبهات به گوش دل از غایت شفاست
Дил додае ба арзи табиат , хатост ин
دلدادهای به ارض طبیعت، خطاست این
Аҷсоми ухравии ҳама аз ҷавҳар самост
اجسام اخروی همه از جوهر سماست
Розӣ шудам ба ҷаври табиат ба зӯри ақл
راضی شدم به جور طبیعت به زور عقل
Кин боиси нФўри иродат азин дағост
کاین باعث نفور ارادت ازین دغاست
Морат агар ба ҷон нарасонад газанди неш
مارت اگر به جان نرساند گزند نیش
Лавни мусаввираш на сазовори аҳтмост
لون مصورش نه سزاوار احتماست
Чун хуб дар рӯй фараҳаш ҳосил ғамаст
چون خوب در روی فرحش حاصل غمست
Чун неки бенгарӣ суқмаши мояи шқост
چون نیک بنگری سقمش مایه شقاست
То танг тар кунад ба дилами тангнои даҳр
تا تنگتر کند به دلم تنگنای دهر
Ҷаври замонаро ба назар қадар кимиёст
جور زمانه را به نظر قدر کیمیاست
Ҳар захми дили гусали зи синон ситора ам
هر زخم دل گسل ز سنان ستارهام
Дар синаи ҳамчуи равзани умеди длгшост
در سینه همچو روزن امید دلگشاست
Қатъӣ ба ғайри қатъ таъаллуқ наме кунад
قطعی به غیر قطع تعلق نمیکند
Теғами зи офтоб ба сар шҳпр ҳумост
تیغم ز آفتاب به سر شهپر هماست
То дида бар ҳақорат дунё шавад басир
تا دیده بر حقارت دنیا شود بصیر
Дар чашми ман кудурати айёми тўтёст
در چشم من کدورت ایام توتیاست
Сангӣ ба тозаи дасти сипеҳрам ба шиша зад
سنگی به تازه دست سپهرم به شیشه زد
Каз ваии тамом рӯй замини шишаи пора ҳост
کز وی تمام روی زمین شیشه پارههاست
Дили борҳои шикасти маро аз фалак вале
دل بارها شکست مرا از فلک ولی
Ин дил шикастании сет ки сарбор борҳост
این دل شکستنیست که سربار بارهاست
Брҷонм аз мусӣбати устод ман расед
برجانم از مصیبت استاد من رسید
Дардӣ ки бар дили алӣ аз Фқди мстФост
دردی که بر دل علی از فقد مصطفاست
Холӣ набудам арча дамӣ аз мусӣбатӣ
خالی نبودم ارچه دمی از مصیبتی
Инҳо ҷудо ва ин ғами дандон шикан ҷудост
اینها جدا و این غم دندانشکن جداست
Устоди ман ки ҳам аб ва ҳам раб маънавӣ аст
استاد من که هم اب و هم رب معنوی است
То ҳашар агар парастиш хокаш кунам равост
تا حشر اگر پرستش خاکش کنم رواست
Устоди кӣмёгари ман онкӣ то абад
استاد کیمیاگر من آنکه تا ابد
Бар сунъи кӣмёгаряши табъи ман гўост
بر صنع کیمیاگریش طبع من گواست
Табъам ки хоки тираи ҷаҳлу ғурур буд
طبعم که خاک تیره جهل و غرور بود
Аз сунъи кӣмёгаряши ин замон тиллост
از صنع کیمیاگریش این زمان طلاست
Аз чоҳи зли расонад ба миъроҷи иззатам
از چاه ذل رساند به معراج عزتم
Иқбол ӯ ки бар сари ман соя ҳумост
اقبال او که بر سر من سایه هماست
Садри ҷаҳону олами эҳсону ақли кул
صدر جهان و عالم احسان و عقل کل
Каз ваии камолро шарафу фазлро баҳост
کز وی کمال را شرف و فضل را بهاست
Машкоти ақлро ба ҳунар фикр ӯст зеб
مشکات عقل را به هنر فکر اوست زیب
Мисбоҳи шаръро ба мисли илм ӯ зёст
مصباح شرع را به مثل علم او ضیاست
Арбоби фикрро назари мустақӣм ӯ
ارباب فکر را نظر مستقیم او
То рӯзи ҳашар дар кафи андеша ҳо Асост
تا روز حشر در کف اندیشهها عصاست
Ойӣнаҳои ботини аҳли шуҳуд ро
آیینههای باطن اهل شهود را
Дар Машҳади таҷаллӣ ӯ сайқал ҷилост
در مشهد تجلی او صیقل جلاست
Дар хилвати мушоҳидаи аФлотни бҳўш
در خلوت مشاهده افلاطن بهوش
Дар маҷмаъи мунозираи рстўии тизрост
در مجمع مناظره رسطوی تیزراست
Мшоиёни пиёда ва ӯ дар миёни савор
مشاییان پیاده و او در میان سوار
Ишроқёни фитода ва ӯ дар миён ба пост
اشراقیان فتاده و او در میان بهپاست
Хирмани кашон фалсафа гирданд гирд ӯ
خرمنکشان فلسفه گردند گرد او
Зеро ки зот ӯ ба мисли қутби ин рҳост
زیرا که ذات او به مثل قطب این رحاست
Бе ӯ дарин замонаи чунонам ки фии алмисл
بیاو درین زمانه چنانم که فیالمثل
Коми наҳанг бар дилами ин нилгун фазост
کام نهنگ بر دلم این نیلگون فضاست
Оташ ҳаме фишондам ин осмон ба сар
آتش همی فشاندم این آسمان به سر
Чашми ситора бар сари ман чашм аждаҳост
چشم ستاره بر سر من چشم اژدهاست
Ҷисми шикастаро дами шамшер бистар аст
جسم شکسته را دم شمشیر بستر است
Паҳлавии хастаро зи дам шер муттакост
پهلوی خسته را ز دم شیر متکاست
То рахт бастааст азин тираи гавани саро
تا رخت بسته است ازین تیره گونسرا
То он сароаши такяи гуҳ паҳлавӣ бақост
تا آن سراش تکیهگه پهلوی بقاست
Тифли рзиъи майл ба пистон чаҳ сон кунад
طفل رضیع میل به پستان چه سان کند
Мелам ҳазор мартаба афзӯн бидон сарост
میلم هزار مرتبه افزون بدان سراست
ӯ буд ҷон ва ман ба мисли қолабии азу
او بود جان و من به مثل قالبی ازو
Рафтаст ҷону қолаб беҷон ҳаме баҷост
رفتست جان و قالب بیجان همی بجاست
Ореи ҳумо чу мешавад аз ошёни ҷудо
آری هما چو میشود از آشیان جدا
Кӣ ошиёнаро ҳади парвоз бо ҳумост !
کی آشیانه را حد پرواز با هماست!
Шояд ба ҷазба Эй кашадам сӯии хештан
شاید به جذبهای کشدم سوی خویشتن
Ҳарчанд ҷисму ҷонро маркази з ҳам ҷудост
هرچند جسم و جان را مرکز ز هم جداست
Ҷое ки ҷони пок набӣ мекунад урӯҷ
جایی که جان پاک نبی میکند عروج
Гар ҷисми ман мушояат ҷон кунад равост
گر جسم من مشایعت جان کند رواست
эй карда ҷисми поки ту ҷон дар тани замин
ای کرده جسم پاک تو جان در تن زمین
Шуд ҷонвари замин з навол ту ва сазост
شد جانور زمین ز نوال تو و سزاست
Чун хоки тира , ҷонвар аз файзи оми тест
چون خاک تیره، جانور از فیض عام تست
Ҷонам ки хоки тести зи ҷони пас чаро ҷудост !
جانم که خاک تست ز جان پس چرا جداست!
Дар роҳи каъбаи рафтанат эй ман фидои ту
در راه کعبه رفتنت ای من فدای تو
Дилро ба сӯии нукта борӣк раҳнамост
دل را به سوی نکته باریک رهنماست
Ин худ муқарараст ки арбоби ҳуш ро
این خود مقررست که ارباب هوش را
Қатъи тариқи ишқ на танҳо ҳамин ба пост
قطع طریق عشق نه تنها همین بهپاست
Тан чун ба сӯии каъбаи танҳо равон шавад
تن چون به سوی کعبه تنها روان شود
Ҷонро ба сӯии каъбаи ҷонҳо шитоб ҳост
جان را به سوی کعبه جانها شتابهاست
Доне ки чист каъбаи ҷон , ҷон каъба ӯст
دانی که چیست کعبه جان، جان کعبه اوست
Қатъи тариқи водии он таии мосўост
قطع طریق وادی آن طی ماسواست
Таклифи тан ба каъба ба наздики ҳӯшманд
تکلیف تن به کعبه به نزدیک هوشمند
Ҷонро ба хон неъмати қурб худо салост
جان را به خوان نعمت قرب خدا صلاست
Бе онкии васл каъба шавад ҷисмро насиб
بیآنکه وصل کعبه شود جسم را نصیب
Ҷонро ба раби каъбаи ҳамаи ком ҳо равост
جان را به رب کعبه همه کامها رواست
Шаҳбози ҷони поки ту ҳамроҳи Ҷабраил
شهباز جان پاک تو همراه جبرئیل
Каши дасту лаб ба моидаҳ қурб ошност
کش دست و لب به مایده قرب آشناست
Зон пештар ки ҷисми раҳи каъба тай кунад
زان پیشتر که جسم ره کعبه طی کند
Шавқаш ба васли каъбаи ҷонҳо расонади рост
شوقش به وصل کعبه جانها رساند راست
Дар роҳи каъбаи мурдау осӯда дар Наҷаф
در راه کعبه مرده و آسوده در نجف
эй ман фидои хоки ту ин мартабати крост !
ای من فدای خاک تو این مرتبت کراست!
Аз роҳи каъбаи т Наҷаф оварад сӯии хеш
از راه کعبهت نجف آورد سوی خویش
Ин ҷазбаи кори қӯти бозуӣ Муртазо аст
این جذبه کار قوت بازوی مرتضی است
Ин ҳам ашорҳист мубарро зи шаку риб
این هم اشارهٔیست مبرا ز شک و ریب
Анро ки дил ба каъба таҳқиқ ошност
ان را که دل به کعبه تحقیق آشناست
Яъне миёнаи Наҷафу каъба фарқ нест
یعنی میانه نجف و کعبه فرق نیست
Осӯда бош мо зи худоу худои зи мост
آسوده باش ما ز خدا و خدا ز ماست
Файёзи риштаи сухани ӣнҷои гусаста ба
فیاض رشته سخن اینجا گسسته به
Кин интиҳо ба назд хиради хиролонтҳост
کاین انتها به نزد خرد خیرالانتهاست
Ман баъди ҳасрати туу хок дар Наҷаф
من بعد حسرت تو و خاک در نجف
Конҷои мурод ҳар ду ҷаҳонат ба зерипост
کانجا مراد هر دو جهانت به زیرپاست
Ое агар ба оташи дӯзахи тавон задан
آیی اگر به آتش دوزخ توان زدن
Ҷузи хоки остони Наҷаф дар ҷаҳон куҷост !
جز خاک آستان نجف در جهان کجاست!
Даст дуо барор ба даргоҳи кирдигор
دست دعا برآر به درگاه کردگار
Зини хоки пурумед ки об рух дуост
زین خاک پرامید که آب رخ دعاست
Пурнури боди марқади поки хдоигон
پرنور باد مرقد پاک خدایگان
То орзӯии халқ ба хок Наҷаф равост
تا آرزوی خلق به خاک نجف رواست