Ба хонае ки ту кардӣ дамии дарави маскан
به خانهای که تو کردی دمی درو مسکن
Нарафт то абадаши офтоб аз равзан
نرفت تا ابدش آفتاب از روزن
зи рашки оинаи сӯзам аз онкӣ ме донам
ز رشک آینه سوزم از آنکه میدانم
Ки акс рӯй ту гоҳе дар он кунад маскан
که عکس روی تو گاهی در آن کند مسکن
зи шамъ рӯй ту ҳар хонае ки нур гирифт
ز شمع روی تو هر خانهای که نور گرفت
Давиди партави хури ҳамчуи дӯд аз равзан
دوید پرتو خور همچو دود از روزن
Барои тинати ҳиси ту дасти сунъи басӣ
برای طینت حس تو دست صنع بسی
Ббихти резаи хуршедро ба прўизн
ببیخت ریزة خورشید را به پرویزن
Чу ҳар куҷо ки кмндист аз балоу ситам
چو هر کجا که کمندیست از بلا و ستم
зи норсоӣӣ бахтам марост дар гардан
ز نارسائی بختم مراست در گردن
Каманди зулфи ту кӯи дом меҳнатасту бало
کمند زلف تو کو دام محنت است و بلا
Надонам аз чаҳ сабаб нест ҳам ба гардани ман
ندانم از چه سبب نیست هم به گردن من
Марост ғамкадаи синаи доимои торик
مراست غمکدة سینه دایما تاریک
Агар чаҳ дорад аз имдоди чоки сад равзан
اگر چه دارد از امدادِ چاک صد روزن
зи заъфи қӯт риҳлат намонда варна маро
ز ضعف قوّت رحلت نمانده ورنه مرا
Нафаси бурун шуда будӣ ҳазор бор аз тан
نفس برون شده بودی هزار بار از تن
Умеди ҷғд чунонам нишаста дар пас марг
امید جغد چنانم نشسته در پس مرگ
Ки ҳаст гӯйии мироси хори кулбаи ман
که هست گویی میراث خوار کلبة من
Фалаки зи кӣнаи гузашту замона меҳр гузид
فلک ز کینه گذشت و زمانه مهر گزید
Ту ҳамчунон ба ҷафои истодаи аҳди шикан
تو همچنان به جفا ایستاده عهد شکن
Маро чу гардиши чашми ту ҳол гардонаст
مرا چو گردش چشم تو حال گردانست
Чаро кунам гила аз гардиши сипеҳри куҳан
چرا کنم گله از گردش سپهر کهن
Маломатами зи ғам аз ҳади гузашт ва май тарсам
ملامتم ز غم از حد گذشت و میترسم
Ки тира гардадам ойӣнаи дили равшан
که تیره گرددم آیینة دل روشن
На ҳамдамӣ , на рафиқӣ ки аз латофати меҳр
نه همدمی، نه رفیقی که از لطافت مهر
Тавонад аз дил зорам задуд гирди мҳн
تواند از دل زارم زدود گرد محن
Зошноиии бегонагон малул шудам
زآشنایی بیگانگان ملول شدم
Хушо фароғати бегонагӣу кунҷи ҳузн
خوشا فراغت بیگانگیّ و کنج حزن
Бар он серум ки нишеман кунам ба базм касе
بر آن سرم که نشیمن کنم به بزم کسی
Кивораам ба паноҳаши здҳри ҷодӯи фан
که وارهم به پناهش زدهر جادو فن
Ба базмгоҳ вале неъматӣ ки дар кнФш
به بزمگاه ولینعمتی که در کنفش
зи шари ҳодиса осӯдаанд сад чун ман
ز شرّ حادثه آسودهاند صد چون من
Рафеъи миллату дайни офтоби шаръи мубин
رفیع ملّت و دین آفتاب شرع مبین
Баландрутбаи паноҳи замону садри замин
بلندرتبه پناه زمان و صدر زمین
Агар насаби гӯйии муттасил ба хайри русул
اگر نسب گویی متصل به خیر رسل
Агар ҳасби пурсӣ муттасиф ба халқи ҳасан
اگر حسب پرسی متصف به خلق حسن
Зиҳӣ ба ҳасан шем Фоиқ аз ҳамаи ақрон
زهی به حسن شیم فایق از همه اقران
Чунон ки шохи гул аз наврасидагони чаман
چنان که شاخ گل از نورسیدگان چمن
Ба базми қудси чароғи замири поки туро
به بزم قدس چراغ ضمیر پاک ترا
Казуаст тираи шаби фазлу мардумии равшан
کزوست تیره شب فضل و مردمی روشن
Ҷаҳони зи пунба ма мекунад фатилаи мудом
جهان ز پنبة مه میکند فتیله مدام
Фалаки зи шира хуршед медиҳад равған
فلک ز شیرة خورشید میدهد روغن
зи калаки машки саводи ту ҳар рақам бошад
ز کلک مشک سواد تو هر رقم باشد
Шабии зи нури маъонӣ ба рӯзи обистан
شبی ز نور معانی به روز آبستن
Тулӯъи партави меҳри ту ҳар куҷо бошад
طلوع پرتو مهر تو هر کجا باشد
Ба офтоб расад ҷилваи сҳо кардан
به آفتاب رسد جلوة سها کردن
Агар ба нури замири ту раҳ равад гардун
اگر به نور ضمیر تو ره رود گردون
Ба каҷрави нашавад шуҳраи замину змн
به کجروی نشود شهرة زمین و زمن
Агар зи тезии табъат сухан кунам шояд
اگر ز تیزی طبعت سخن کنم شاید
Ки зулфиқори намояди марои забон ба даҳан
که ذوالفقار نماید مرا زبان به دهن
Чунон зи нури замири ту дидаи даргирад
چنان ز نور ضمیر تو دیده درگیرد
Ки риштаи хат назар шуд ба дидаи сӯзан
که رشته خطّ نظر شد به دیدة سوزن
Ту дар ироқӣ ва мардум намӯда чашми сифед
تو در عراقی و مردم نموده چشم سفید
Ба хоки тираи Лоҳуру оби шӯри дкн
به خاک تیرة لاهور و آب شور دکن
зи бими адли сиёсатгари ту мумкин нест
ز بیم عدل سیاستگر تو ممکن نیست
Насимро гули бӯеи зи гулистон чидан
نسیم را گُلِ بویی ز گلستان چیدن
зи лутфи табъи ту ашёи чунон латиф шуданд
ز لطف طبع تو اشیا چنان لطیف شدند
Ки ҳамчуи акси тавон ғӯта хӯрд дар оҳан
که همچو عکس توان غوطه خورد در آهن
Чунон ба аҳд ту бархест расми шикваи зи даҳр
چنان به عهد تو برخاست رسم شکوه ز دهر
Ки андалеб фаромӯш карда нолидан
که عندلیب فراموش کرده نالیدن
Ба ғайри ман зи ту маҳрӯм дар ҷаҳон кас нест
به غیر من ز تو محروم در جهان کس نیست
Вале зи пастии толеъи зи тираи бахтии ман
ولی ز پستی طالع ز تیرهبختی من
Агар ба соя науфтад зи манъи шахси фурӯғ
اگر به سایه نیفتد ز منع شخص فروغ
зи офтоби шикоят наме тавон кардан
ز آفتاب شکایت نمیتوان کردن
Ҳазор бор шунидам ки гуфтае файёз
هزار بار شنیدم که گفتهای فیّاض
Ки ҳаст шамъи ҳунар дар змнаҳ зу равшан
که هست شمع هنر در زمنه زو روشن
Чаро чунин шуда хилват нишин базми хмўл ?
چرا چنین شده خلوتنشین بزم خمول؟
Чаро чунин шуда азлат гузин кунҷи мҳн ?
چرا چنین شده عزلت گزین کنج محن؟
На Юсуфаст ва надорад халосӣ аз зиндон ?
نه یوسفست و ندارد خلاصی از زندان؟
На бежанасту фурӯи рафта дар чаҳ бежан ?
نه بیژنست و فرو رفته در چه بیژن؟
Чаро ба сояи мо дрнмӣ хазад ки шавад
چرا به سایة ما درنمی خزد که شود
Чу офтоби фалаки шамъи толеъаши равшан
چو آفتاب فلک شمع طالعش روشن
Хдоигоно , ин лутфро ҷавобӣ ҳаст
خدایگانا، این لطف را جوابی هست
Вале худо диҳадам ҷуръати баён кардан
ولی خدا دهدم جرأت بیان کردن
Ҳазор бор ба дили нақш бастаам ки кунам
هزار بار به دل نقش بستهام که کنم
Дар он муҳӣти риҷоли ҳнрўрии мأмн
در آن محیط رجال هنروری مأمن
Вале чаҳ чораи дкнми раҳ наметавонам рафт
ولی چه چاره دکنم ره نمیتوانم رفت
Ки даст ҳодиса поем шикаста дар доман
که دست حادثه پایم شکسته در دامن
Ба даргаат нарасм зонка бе таҳияи зод
به درگهت نرسم زانکه بیتهیّة زاد
Наме намояди эҳроми каъбаи мстҳсн
نمینماید احرام کعبه مستحسن
зи даври дард дилӣ мекунам ки дар ҳамаи вақт
ز دور درد دلی میکنم که در همه وقت
зи қурбу баъд буд офтоби нурафкан
ز قرب و بعد بود آفتاب نورافکن
Сухани тароз чаҳ ғам гар набошадат наздик ?
سخن طراز چه غم گر نباشدت نزدیک؟
Ки гӯши лутфи ту аз давр мерасад ба сухан
که گوش لطف تو از دور میرسد به سخن
Тавон шинохтани аҳвол аз қаринаи ҳол
توان شناختن احوال از قرینة حال
Ки ҳаст пеши замири ту неку бади равшан
که هست پیش ضمیر تو نیک و بد روشن
Адо чаҳ гӯна кунам худ ки гаштааст аз шарм
ادا چهگونه کنم خود که گشته است از شرم
Забони нотиқа дар муддаои худ алкн
زبان ناطقه در مدّعای خود الکن
Лисони қолам агар баста шуд чаҳ ғам дорам
لسان قالم اگر بسته شد چه غم دارم
Забон ҳол нахоҳад мؤўнти гуфтан
زبان حال نخواهد مؤونت گفتن
зи шарҳи ҳоли парешонеи дилам бо ту
ز شرح حال پریشانی دلم با تو
Фитод силсилаи назмро шикан ба шикан
فتاد سلسلة نظم را شکن به شکن
з гуфтугӯ накушояд гиреҳ вале шояд
ز گفتگو نگشاید گره ولی شاید
Ҳазор нукта ба як хомшии адо кардан
هزار نکته به یک خامشی ادا کردن
зи поки гавҳарӣ аз дасти чархи хотами шакл
ز پاک گوهری از دست چرخ خاتم شکل
Ба хӯн дида задам ғӯта чун ақиқи Яман
به خون دیده زدم غوطه چون عقیق یمن
Ба хори хушк қаноат кунам дарин гулзор
به خار خشک قناعت کنم درین گلزار
Ба барги коҳ тасаллӣ шавам аз ин хирман
به برگ کاه تسلّی شوم از این خرمن
Ба моли вақт маро карда осмони муҳтоҷ
به مال وقت مرا کرده آسمان محتاج
Кунун ки малики ҳунари ҷумла вақф гашта ба ман
کنون که ملک هنر جمله وقف گشته به من
Фалак кунун ба ту афкандааст кори маро
فلک کنون به تو افکنده است کار مرا
?герати з даст барояд ба дайгарии мФкн
گرت ز دست برآید به دیگری مفکن
Махон ба ҷониби хешам агар чаҳ зини талабам
مخوان به جانب خویشم اگر چه زین طلبم
Расида то ба дарат по , гузаштаи сари зи пурН
رسیده تا به درت پا، گذشته سر ز پرن
Гирифтам инки манам лؤлؤ аз тавваҷуҳи ту
گرفتم اینکه منم لؤلؤ از توجّه تو
Касе барои чаҳ лؤлؤ талаб кандан ба адан ?
کسی برای چه لؤلؤ طلب کندن به عدن؟
Шарар агар чаҳ шаби тира пуртӯй дорад
شرر اگر چه شب تیره پرتوی دارد
Хаҷал буд ба бар офтоби нурафкан
خجل بود به بر آفتاب نورافکن
Чу аз ҳаводиси даврон паноҳ дод маро
چو از حوادث دوران پناه داد مرا
Ба остонаи Маъсӯмаи ҳазрати зўолмн
به آستانة معصومه حضرت ذوالمن
Равои мадори казин равзаи даври монами давр
روا مدار کزین روضه دور مانم دور
Ки аз ғубор дараш гашта дидаам равшан
که از غبار درش گشته دیدهام روشن
Чаҳ остонаи биҳиштӣ ки бинад аз ризвон
چه آستانه بهشتی که بیند از رضوان
Чунон ғубор дар ӯ бигирадаш доман
چنان غبار در او بگیردش دامن
Ки бо ҳазор фусуну фасонаи натавонад
که با هزار فسون و فسانه نتواند
Ба ним зарраи дил аз хок рўбиш кандан
به نیم ذرّه دل از خاک روبیش کندن
зи пӯсти нофа бурун ояд ва диҳад инсоф
ز پوست نافه برون آید و دهد انصاف
Кунанд нисбати хокаш агар ба машки хутан
کنند نسبت خاکش اگر به مشک ختن
Сиришти одами азин хок агар шудӣ , Иблис
سرشت آدم ازین خاک اگر شدی، ابلیس
Наҳодӣ аз сари рағбат ба саҷдааш гардан
نهادی از سر رغبت به سجدهاش گردن
Мисоли равза ӯ ношунида пери хирад
مثال روضة او ناشنیده پیر خرد
Ба шакли мадриса ӯ надидаи чархи куҳан
به شکل مدرسة او ندیده چرخ کهن
Бъинаҳи ҳаҷароташи сўомъи малакӯт
بعینه حجراتش صوامع ملکوت
Дар он ба сӯрати инсони малики гирифтаи ватан
در آن به صورت انسان مَلّک گرفته وطن
зи шарми чашмаи ҳайвон фурӯ равад ба замин
ز شرم چشمة حیوان فرو رود به زمین
зи ҳавзи мадрисаи пешаш агар кунанд сухан
ز حوض مدرسه پیشش اگر کنند سخن
Чаҳ ҳоҷатаст ки лаб тар кунад азуи ташна
چه حاجت است که لب تر کند ازو تشنه
Ҳамин басаст ки ном вай оядаш ба даҳан
همین بس است که نام وی آیدش به دهن
зи ҷурм моҳ кунад маҳви тирагии осон
ز جرم ماه کند محو تیرگی آسان
Дар он тавонад агар ҳамчуи акси ғӯта задан
در آن تواند اگر همچو عکس غوطه زدن
Ба нўрбхшӣ гардад чу офтоб мисл
به نوربخشی گردد چو آفتاب مثل
Ба фарзи бахти ман ӣнҷо бишӯяд ар сару тан
به فرض بخت من اینجا بشوید ار سر و تن
Фиканда коҳкшони акси андарони гӯйӣ
فکنده کاهکشان عکس اندران گویی
зи бскаҳи реги таҳи ҷӯ буд фурӯғи афкан
ز بسکه ریگ ته جو بود فروغافکن
Ба снгризаҳи он ҷавҳарии барадгар пай
به سنگریزة آن جوهری برد گر پی
Барои лؤлؤ дигар намеравад ба адан
برای لؤلؤ دیگر نمیرود به عدن
Бад-ӣни умед ки осӯда дараш гардад
بدین امید که آسودة درش گردد
Сипеҳри пери ҳаме орзӯ кунад мурдан
سپهر پیر همی آرزو کند مردن
зи файзи бахшеи хокаш чаҳ шаҳри Қум чаҳ биҳишт
ز فیضبخشی خاکش چه شهر قم چه بهشت
зи атр ӯ чаҳ замини фараҷ чаҳ дашти хутан
ز عطر او چه زمین فرج چه دشت ختن
Басони онкии брўбд касе зи хонаи ғубор
بسان آنکه بروبد کسی ز خانه غبار
Дар остонаи он файз ме тавон рафтан
در آستانة آن فیض میتوان رُفتن
Аз он ҳамеша диҳад нури офтоб ки кард
از آن همیشه دهد نور آفتاب که کرد
зи шамъи боргаҳ ӯ чароғи худ равшан
ز شمع بارگه او چراغ خود روشن
Ниҳоли шамъ ки дорад гули таҷаллии бор
نهال شمع که دارد گل تجلّی بار
Буд бъинаҳ чун нахли водии эмин
بود بعینه چون نخل وادی ایمن
Дар остона ӯ каз вуфӯри мояи файз
در آستانة او کز وفور مایة فیض
Ба чашми мардуми доно хушаст чун гулшан
به چشم مردم دانا خوش است چون گلشن
Гушӯдаи мусҳафи хонои з ҳар тарафи бинӣ
گشوده مصحف خوانا ز هر طرف بینی
Чунонкии дафтари гул во шавад ба рӯй чаман
چنانکه دفتر گل وا شود به روی چمن
Дар он миёна ба алҳони ҷонФзои ҳифоз
در آن میانه به الحان جانفزا حفّاظ
Чу булбулони чамани нағмаи санҷу дастони зан
چو بلبلان چمن نغمهسنج و دستانزن
Ба даври қуббаи қнодили мағфирати бинӣ
به دور قبّه قنادیل مغفرت بینی
Ба фарқи зуввор аз акси нур соя фикан
به فرق زوّار از عکس نور سایهفکن
зи хати ваҳмии таркиби банди шакли буруҷ
ز خطّ وهمی ترکیببند شکل بروج
Қиёси риштаи қандилҳо тавон кардан
قیاس رشتة قندیلها توان کردن
Ғубори фарш дараш обрӯии меҳри мунир
غبار فرش درش آبروی مهر منیر
Хати китоба ӯ сарнавишти чархи куҳан
خط کتابة او سرنوشت چرخ کهن
Ҳамеша то буд ин остонаи машриқи нур
همیشه تا بود این آستانه مشرق نور
Ҳамеша то буд ин хоки файзро маъдан
همیشه تا بود این خاک فیض را معدن
Ту бо садорат кул бошяш нсқ фармо
تو با صدارت کل باشیش نسقفرما
Ба ҳасани саъии ту бодои ривоҷи ин мأмн
به حسن سعی تو بادا رواج این مأمن
Ту ҳамчуи шохи гул ойин физой ин гулзор
تو همچو شاخ گل آیینفزای این گلزار
Чу андалеби ман овозаи санҷи ин гулшан
چو عندلیب من آوازهسنج این گلشن