Ман маст май пурситам , ман ринди бодаи нӯшам

من مست می‌پرستم، من رند باده نوشم

Эмини зи макри ақлам , фориғи зи қайди ҳушам

ایمن ز مکر عقلم، فارغ ز قید هوشم

Ман бо ҳузури соқӣ кӣ тавба май намоям

من با حضور ساقی کی توبه می‌نمایم

Ман бо вуҷӯди мутриб кӣ панд май ниўшм

من با وجود مطرب کی پند می‌نیوشم

Аз метараб назояд рӯзӣ ки ман малулам

از می طرب نزاید روزی که من ملولم

Вази не наво нахезад вақте ки ман хамӯшам

وز نی نوا نخیزد وقتی که من خموشم

Бо чини турра ӯ машк хутан бипошам

با چین طرهٔ او مشک ختن بپاشم

Бо нақши чеҳра ӯ рӯй чаман бапушам

با نقش چهرهٔ او روی چمن بپوشم

Гуфтам ки бо ту хоҳам рӯзии рӯм ба гулшан

گفتم که با تو خواهم روزی روم به گلشن

Гуфто ки шарми бодат аз рӯй гули фурушам

گفتا که شرم بادت از روی گل فروشم

То зи иқтизои мастии домон ӯ бигирам

تا ز اقتضای مستی دامان او بگیرم

Гоҳе қадаҳ ба дастам , гоҳе сабу ба дӯшам

گاهی قدح به دستم، گاهی سبو به دوشم

Доне чаро сару ҷон аз ман наме сетанд

دانی چرا سر و جان از من نمی‌ستاند

То дар раҳаши бпўим , то дар пеш бакӯшам

تا در رهش بپویم، تا در پیش بکوشم

Бахти баландами охири сари ҳалқаи ҷунуни сохт

بخت بلندم آخر سر حلقهٔ جنون ساخت

Кони ҳалқаҳои гесу , шуд ҳалқаҳои гӯшам

کان حلقه‌های گیسو، شد حلقه‌های گوشم

Дар пардаи муҳаббати ҷбрил раҳ надорад

در پردهٔ محبت جبریل ره ندارد

Пайғом ӯ расидаи сет бе миннати сурӯшам

پیغام او رسیده‌ست بی منت سروشم

эй чашмасор хӯбии як раҳи зи айни раҳмат

ای چشمه سار خوبی یک ره ز عین رحمت

Бар хоки ман гузар кун то аз замин Биҷӯшам

بر خاک من گذر کن تا از زمین بجوشم

эй гул ки май харошади хори ғамати дилам ро

ای گل که می‌خراشد خار غمت دلم را

Гар бишинавӣ хурӯшами як умр май хурӯшам

گر بشنوی خروشم یک عمر می‌خروشم

Он маҳвашами фурӯғӣ аз бас ки дӯш ме дод

آن مهوشم فروغی از بس که دوش می‌داد

То бомдоди маҳшари масти шароби дӯшам

تا بامداد محشر مست شراب دوشم