Ҳазор шукр ки тақдир шуд замонаи навоз
هزار شکر که تقدیر شد زمانه نواز
Замонаро ба салоҳ халал намонад боз
زمانه را به صلاح خلل نماند باز
Намонад онкӣ занад мақсад аз таъаллули дам
نماند آنکه زند مقصد از تعلل دم
Намонад онкӣ кунад ком бар таваққуъи боз
نماند آنکه کند کام بر توقع باز
Гузашти домани иқболро кафи ҳурмон
گذشت دامن اقبال را کف حرمان
Бсил нил амоне нишаст оташи оз
بسیل نیل امانی نشست آتش آز
Гузашти онкии кушояди замони замони зи ҳиял
گذشت آنکه گشاید زمان زمان ز حیل
Ҳазор шӯъбадаро дар сипеҳри шӯъбадаи боз
هزار شعبده را در سپهر شعبده باز
Чунон нагашт дар инқилоби мустаҳкам
چنان نگشت در انقلاب مستحکم
Ки бо калиди тақозоӣ давр гардад боз
که با کلید تقاضای دور گردد باز
Чунон набаст сари ҳалқаи ҳиялро чарх
چنان نبست سر حلقه حیل را چرخ
Ки бо муболиғаи ҳодисаи кушояди боз
که با مبالغه حادثه گشاید باز
Ғубори фитнаи зи ойӣна ҷаҳон бархест
غبار فتنه ز آیینه جهان برخاست
Дар фасод биравӣ замонаи гашти фароз
در فساد بروی زمانه گشت فراز
Бидон расед ки пӯшади либоси хулди ҷинон
بدان رسید که پوشد لباس خلد جنان
Бидон расед ки ёбад бақои даҳри ҷавоз
بدان رسید که یابد بقای دهر جواز
Суоли сӯрати ҳол аз замона кардам дӯш
سوال صورت حال از زمانه کردم دوش
БрФъ шубҳа гушӯдам гиреҳи зи риштаи роз
برفع شبهه گشودم گره ز رشته راز
Ки эй замонаи турои пеш азин набӯд ривоҷ
که ای زمانه ترا پیش ازین نبود رواج
Надошт ноӣ низоми ту нағмаи ин соз
نداشت نای نظام تو نغمه این ساز
Низоми даври бад-ӣни давр мушкиласт басӣ
نظام دور بدین دور مشکل است بسی
БФиз кист руҷӯъи зуҳӯри ин эъҷоз
بفیض کیست رجوع ظهور این اعجاز
зи нури рой ки дорад чароғи адли фурӯғ
ز نور رای که دارد چراغ عدل فروغ
зи нақши адл ки дорад бисоти малики тароз
ز نقش عدل که دارد بساط ملک طراز
Ҷавоб дод ки ин муқтазоӣ адл касеаст
جواب داد که این مقتضای عدل کسیست
Ки ҳаст аз ҳама дар ҳар фазилатии мумтоз
که هست از همه در هر فضیلتی ممتاز
Худои вуҷӯди шарифи аёси пошо ро
خدا وجود شریف ایاس پاشا را
Бақо диҳад ки ҷаҳон парвараст халқи навоз
بقا دهد که جهان پرورست خلق نواز
Ҷамоли давлат ӯ дода маликро равнақ
جمال دولت او داده ملک را رونق
Чунонкии давлати Маҳмӯдро ҷамоли Аёз
چنانکه دولت محمود را جمال ایاز
Баланди қадари ҷанобӣ ки хокбўс дараш
بلند قدر جنابی که خاکبوس درش
Намӯда роҳи иқомати барраи равони ҳиҷоз
نموده راه اقامت بره روان حجاز
Ъбортисти замини остона ӯ
عبارتیست زمین آستانه او
Ки ҳаст номии он мстҳли тарки намоз
که هست نامی آن مستحل ترک نماز
Музайянаст гиребони даргаи қадараш
مزین است گریبان درگه قدرش
Бткмҳои равиш бар аҳолии эъзоз
بتکمهای روش بر اهالی اعزاز
Муназзаҳаст баёни ҳақиқати ҳолаш
منزه است بیان حقیقت حالش
зи ройҳои парешони соликони муҷоз
ز رایهای پریشان سالکان مجاز
Кафили ризқи чунон гашти лутф ӯ ки намонад
کفیل رزق چنان گشت لطف او که نماند
зи баҳри касб касеро бадасти хеши ниёз
ز بهر کسب کسی را بدست خویش نیاز
Магари зи баҳри дуои субҳу шом бар доранд
مگر ز بهر دعا صبح و شام بر دارند
Барои ӯ талабанд аз худои умри дароз
برای او طلبند از خدای عمر دراز
Зиҳии мулозими азми ту фатҳ бе анҷом
زهی ملازم عزم تو فتح بی انجام
Зиҳии мувофиқи ҳукми ту лутф бе оғоз
زهی موافق حکم تو لطف بی آغاز
Туе ки дидаи дили хасми зи оташи ҳиммат
تویی که دیده دل خصم ز آتش همت
Даруни сина чу дар бутаи нақди қалби гудоз
درون سینه چو در بوته نقد قلب گداز
Шикастаи ҳолеи душмани зи чини ҷавшани тест
شکسته حالی دشمن ز چین جوشن تست
Хати ҳалоки тзрўсти нақши синаи боз
خط هلاک تذروست نقش سینه باز
Баҳри диёр ки роят кашида рояти азм
بهر دیار که رایت کشیده رایت عزم
Замона карда зи малики мухолифаши афроз
زمانه کرده ز ملک مخالفش افراز
Сипеҳр кист ки карда муъоризи мазмун
سپهر کیست که کرده معارض مضمون
Мисоли ҳукми ту бар ҳар чаҳ мешавад аироз
مثال حکم تو بر هر چه می شود ایراز
Ту бар саманди сафари зин азм барбастӣ
تو بر سمند سفر زین عزم بربستی
Фалаки расонади бмҷмўъи душманони овоз
فلک رساند بمجموع دشمنان آواز
Ки эй гуруҳи саросема ҳар куҷо ҳастед
که ای گروه سراسیمه هر کجا هستید
Бкоми дил чу вуҳушу туюр дар так ва тоз
بکام دل چو وحوش و طیور در تک و تاز
Ниҳон шавед ки симурғ май кушояди бол
نهان شوید که سیمرغ می گشاید بال
Ҳазар кунед ки шаҳбоз мекунад парвоз
حذر کنید که شهباز می کند پرواز
Ъдўси мурғи парокандаи боли сӯхтаи пар
عدوس مرغ پراکنده بال سوخته پر
Ту шоҳи бози шикори афканӣ ва сайд андоз
تو شاه باز شکار افکنی و صید انداز
Баланди мнзлтои он фузулии зорам
بلند منزلتا آن فضولی زارم
Ки дар санои туами рӯзу шаби сухани пардоз
که در ثنای توام روز و شب سخن پرداز
Ғами ниҳон маро нест эҳтиёҷи баён
غم نهان مرا نیست احتیاج بیان
Басаст ашки бмзмўни ҳоли ман ғаммоз
بس است اشک بمضمون حال من غماز
Дареғ нест зи ман шафқати ту лек чаҳ суд
دریغ نیست ز من شفقت تو لیک چه سود
Марост бахти парешону толеъи носоз
مراست بخت پریشان و طالع ناساز
Умед ҳаст ки то иртиботи лайл ва наҳор
امید هست که تا ارتباط لیل و نهار
Бқтъи риштаи айём умр гардад коз
بقطع رشته ایام عمر گردد کاز
Буд зи субҳи камоли ту даври шоми завол
بود ز صبح کمال تو دور شام زوال
Бақои умри ту бо давлати абади дмсоз
بقای عمر تو با دولت ابد دمساز