Ба иди қурбон қурбон кунанд халқи ҷаҳон

به عید قربان قربان‌کنند خلق جهان

Бетаи ту иди манӣ ман туро шавам қурбон

بتا تو عید منی من ترا شوم قربان

Фидойии туами охири ҷудои ту з чист

فدایی توام آخر جدایی تو ز چیست

Дамӣ биё биншин оташ маро бинишон

دمی بیا بنشین آتش مرا بنشان

Баҳори чеҳри мнои хез то ба хона рӯем

بهار چهر منا خیز تا به خانه رویم

Магар ба об рузон башиканем ноби хазон

مگر به آب رزان بشکنیم ناب خزان

зи сурхи бодаи чунон оташӣ барафрӯзем

ز سرخ‌باده چنان آتشی برافروزیم

Ки хонаи рашки барад бар ҳавои тобистон

که خانه رشک برد بر هوای تابستان

Ба ман даромезӣ ту ҳамчуи рӯҳ бо пайкар

به من درآمیزی تو همچو روح با پیکر

Ба ту дроўизми ман ҳамчуи дев бо инсон

به تو درآویزم من همچو دیو با انسان

Гуҳии зи мӯии ту пар зимрон кунам болин

گهی ز موی تو پر ضیمران‌ کنم بالین

Гуҳии з рӯй ту пар Настаран кунам домон

گهی ز روی تو پر نسترن ‌کنم دامان

Гуҳии зи чеҳри ту чинами варақи варақи сӯрӣ

گهی ز چهر تو چینم ورق ورق سوری

Гуҳии зи зулф ту бӯем тибқи тибқи райҳон

گهی ز زلف تو بویم طبق طبق ریحان

Гуҳӣ ба турраи мафтӯл ту кунам бозӣ

گهی به طرهٔ مفتول تو کنم بازی

Гуҳии зи наргиси мкҳўл ту шавам ҳайрон

گهی ز نرگس مکحول تو شوم حیران

Гиреҳи гиреҳи зи сари зулфи ту гушойами банд

گره ‌گره ز سر زلف تو گشایم بند

Нафаси нафас ба лаби лаъл ту сипорам ҷон

نفس نفس به لب لعل تو سپارم جان

Марост масъала ӣӣ чанд эй писари мушкил

مراست مسأله‌یی چند ای پسر مشکل

Магари ҳам аз ту шавад мушкилоти ман осон

مگر هم از تو شود مشکلات من آسان

Сухан чаҳ гӯйӣ чун аз даҳонат нест асар

سخن چه ‌گویی چون از دهانت نیست اثر

Камар чаҳ бандӣ чун аз миёнат нест нишон

کمر چه بندی چون از میانت نیست نشان

Даҳони надорӣ бар худ чаро зании тӯҳмат

دهان نداری بر خود چرا زنی تهمت

Миёни надорӣ бар худ чаро наҳй бӯҳтон

میان نداری بر خود چرا نهی بهتان

Агар миёнат бояд чаҳ лозимаст сарин

اگر میانت باید چه لازمست سرین

Вагар сринт шояд чаҳ воҷибаст миён

وگر سرینت شاید چه واجبست میان

Касе ба тори қсб бастааст тели саман

کسی به تار قصب بسته است تل سمن

Касе ба мӯии сабк бастааст кӯҳи гарон

کسی به موی سبک بسته است ‌کوه‌گران

Туро ки гуфт ки аз ганҷи шоҳи дуздии сим

ترا که‌ گفت‌ که از گنج شاه دزدی سیم

Ба ҷои соидсозӣ дар остини пинҳон

به جای ساعد سازی در آستین پنهان

Ва ё ки гуфт туро то ба ҷои гирди сарин

و یا که گفت ترا تا به جای گرد سرین

Ба ҳилаи пуштаи алванди дуздӣ аз Ҳамадон

به حیله پشتهٔ الوند دزدی از همدان

Миёнати торктонст ва он сарин маҳтоб

میانت تارکتانست و آن سرین مهتاب

з моҳтоб бакоҳад ҳамораи торакатон

ز ماهتاب بکاهد هماره تارکتان

Магари сарин ту дар нури қурси хуршедаш

مگر سرین تو در نور قرص خورشیدش

Ки тоаш байнам ашкам шавад зи чашми равон

که تاش بینم اشکم شود ز چشم روان

зи шавқи гирди сринт бар он серум ки зи рай

ز شوق ‌گرد سرینت بر آن سرم‌ که ز ری

Рӯм ба Миср ба дидори гунбади ҳирмон

روم به مصر به دیدار گنبد هرمان

Бад-ӣни сарин ки ту дории миёни халқи Марв

بدین سرین‌که تو داری میان خلق مرو

Ки тарсами инки ба яғмо равад чу ганҷи равон

که ترسم اینکه به یغما رود چو‌ گنج روان

Басаст тибяту шухии паии ҳаловати шеър

بس ‌است ‌طبیت ‌و شوخی پی حلاوت شعر

Биё ба фикри маоши аўФтиму қӯти равон

بیا به فکر معاش اوفتیم و قوت روان

Магар ба ҳилаи яке мушти зар ба чанги орем

مگر به حیله یکی مشت زر به چنگ آریم

Ки зар захира айшасту асли тоб ва тавон

که زر ذخیرهٔ عیشست و اصل تاب و توان

Ба зар шавад дили вайрони дӯстони обод

به زر شود دل ویران دوستان آباد

Ба зар шавад дили ободи душманони вайрон

به زر شود دل آباد دشمنان ویران

Ба чанги зар чу ту симини барӣ ба чанг ояд

به چنگ زر چو تو سیمین‌بری به چنگ آید

Ки шеъри холии пар нон намекунад анбон

که شعر خالی پر نان نمی کند انبان

Тироси мояи ҷамолу мроси мояи камол

تراس مایه جمال و مراس مایه‌ کمال

Кунем ҳар ду тиҷорат чу марди бозаргон

کنیم هر دو تجارت چو مرد بازرگان

зи шеъри мишкӣни ту машкро кунӣ косад

ز شعر مشکین تو مشک را کنی ‌کاسد

зи шеъри ширини ман шаҳди рокнми арзон

ز شعر شیرین من شهد راکنم ارزان

Турои зи зулфи сияҳи таблаи таблаи машки хутан

ترا ز زلف سیه طبله طبله مشک ختن

Марои зи назми дарии рустаи руста дар Аммон

مرا ز نظم دری رسته رسته درّ عمان

Туро ба хизмати худ номздкнди хусрав

ترا به خدمت خود نامزدکند خسرو

Маро ба мадҳати худ Комрон кунад султон

مرا به مدحت خود کامران‌ کند سلطان

Ҷаҳони гушои Муҳамади шаҳи онкии мижа ӯ

جهان‌گشای محمد شه آنکه مژّهٔ او

Ба гоҳи хашми намояд чу чанги шери жён

به ‌گاه خشم نماید چو چنگ شیر ژیان

Аҷал ба сар наад аз бими теғ ӯ мғФр

اجل به سر نهد از بیم تیغ او مغفر

Фано ба барканд аз саҳми тир ӯ хуфтон

فنا به برکند از سهم تیر او خفتان

?хитои маҳз буд беризоӣ ӯ тавба

خطای محض بود بی‌رضای او توبه

Савоби сарф буд бо влоӣ ӯ исён

ثواب صرف بود با ولای او عصیان

зи ҳавли размаши шоҳини биФкди нохун

ز هول رزمش شاهین بیفکد ناخن

зи ҳирси ҷўдш кӯдак баровард дандон

ز حرص جودش کودک برآورد دندان

Саҳоби раҳмат ӯ жоларо кунад гавҳар

سحاب رحمت او ژاله را کند گوهر

Насими рأФт ӯ лоларо кунад марҷон

نسیم رأفت او لاله را کند مرجان

Ба рӯзи боронгар рой ӯ итоб кунад

به روز باران ‌گر رای او عتاب‌ کند

зи бими ҳайбат ӯ бозпас равад борон

ز بیم هیبت او بازپس رود باران

Ҷаҳони стонокшўргшои шҳо малико

جهان‌ستاناکشورگشا شها ملکا

Туе ки ҷоҳ ту ронад гўожаҳ бар кайвон

تویی ‌که جاه تو راند گواژه بر کیوان

Ба вақти тӯфонгар лутфи ту хитоб кунад

به وقت طوفان‌گر لطف تو خطاب‌کند

зи Ямани раҳмати ту офият шавад тӯфон

ز یمن رحمت تو عافیت شود طوفان

Ба ҳеҷ ҳол нагардад сахои гусастаи зи ту

به هیچ حال نگردد سخا گسسته ز تو

Ту хоҳ дар саф кин бошу хоҳ дар айвон

تو خواه در صف کین باش و خواه در ایوان

Ба рӯз базм кунӣ ҷину инсро даъват

به روز بزم‌کنی جن و انس را دعوت

Ба гоҳ разм кунӣ ваҳшу тайрро меҳмон

به‌گاه رزم‌ کنی وحش و طیر را مهمان

Мисоли касрати олами туе ба ваҳдати хеш

مثال‌ کثرت عالم تویی به وحدت خویش

Вагар қабул надорӣ биоварам бурҳон

وگر قبول نداری بیاورم برهان

Ба гоҳи ҳиммати абрӣ ба гоҳи кӣнаи ҳужабр

به ‌گاه همت ابری به‌گاه‌ کینه هژبر

Ба вақти ҳзми заминӣ ба гоҳи азми замон

به وقت حزم زمینی به‌گاه عزم زمان

Ба ҳалами хоки ҳмўлӣ ба азми бод ъҷу л

به حلم خاک حمولی به عزم باد عجو‌ل

Ба хашми оташи тезӣ ба лутфи оби равон

به خشم آتش تیزی به لطف آب روان

Чу даҳри кӣнаи сгол чу баҳри гўҳрбхш

چو دهر کینه سگال چو بحر گوهربخش

Чу меҳри оламгирӣ чу чархи малики ситон

چو مهر عالم‌گیری چو چرخ ملک‌ستان

Чу мадҳи теғ ту гӯям гумони барӣ ки магар

چو مدح تیغ تو گویم گمان بری که مگر

Лаҳиб дӯзах сӯзанда хиздми зи даҳон

لهیب دوزخ سوزنده خیزدم ز دهان

Шҳншҳои тўшносии мрокаҳ дар ҳамаи умр

شهنشها توشناسی مراکه در همه عمر

Биҷузи мдиҳи малики ҳеҷ новарам ба забон

بجز مدیح ملک هیچ ناورم به زبان

зи меҳр рӯй ту бибридаам зи ҳуби ватан

ز مهر روی تو ببریده‌ام ز حب وطن

Агар чаҳ донеи ҳуби алўтни ман алоямон

اگر چه دانی حب‌الوطن من‌الایمان

Вале зкиди ҳасудони зи баси млўлстм

ولی زکید حسودان ز بس ملولستم

Бидон расида ки нафрин кунам ба чархи каён

بدان رسیده که نفرین کنم به چرخ کیان

Ваболи ҷон ман омад камолу дониши ман

وبال جان من آمد کمال و دانش من

Чу карами пела ки аз худ бадв расад хусрон

چو کرم پیله‌ که از خود بدو رسد خسران

Ду соли рафта ки фармони ман чу пайки аҷул

دو سال رفته ‌که فرمان من چو پیک عجول

Ба Форси рафтау баргаштаи бози зии тҳрон

به فارس رفته و برگشته باز زی طهران

Гуҳӣ ба масхарау таънаи зер лаб гӯйанд

گهی به مسخره و طعنه زیر لب گویند

Ғалати гузаштаи зи девони шоҳи ин фармон

غلط گذشته ز دیوان شاه این فرمان

Гуҳӣ ба қаҳқаҳаи хандон ки шаҳ ба ҳар солӣ

گهی به قهقهه خندان‌که شه به هر سالی

Чаро маболиғ чандин диҳад бад-ӣни кшхон

چرا مبالغ چندین دهد بدین‌ کشخان

Ҷузи ин баҳона чанд оваранду узр дигар

جز این بهانهٔ چند آورند و عذر دگر

Ки гар бигӯям гӯйанд ҳо магӯ ҳазён

که ‌گر بگویم ‌گویند ها مگو هذیان

Сухан чу давлати хусрав аз он дароз кашид

سخن چو دولت خسرو از آن دراز کشید

Ки ҳамчуи умри шаҳами шикваи ист бе поён

که همچو عمر شهم شکوه‌ایست بی‌پایان

Буд ҳубути занб то ҳамеша дар ҷавзо

بود هبوط ذنب تا همیشه در جوزا

Буд ваболи Зуҳал то ҳамора дар саратон

بود وبال زحل تا هماره در سرطان

Ҳасуди қадари ту ғамгин чу моҳ дар ақраб

حسود قدر تو غمگین چو ماه در عقرب

Халили ҷоҳи ту шодон чу Зуҳра дар мизон

خلیل جاه تو شادان چو زهره در میزان