Аз ҳади гузашти қиссаи дарди ниҳони мо
از حد گذشت قصه درد نهان ما
Тарсам ки нола фош кунад рози ҷони мо
ترسم که ناله فاش کند راز جان ما
Ҷое расед нола ки аз осмони гузашт
جایی رسید ناله که از آسمان گذشت
Бо ӯ бҳич ҷо нарасед ин фиғони мо
با او بهیچ جا نرسید این فغان ما
Мо гуми шудем дар талаби ҳии лоямут
ما گم شدیم در طلب حی لایموت
Аз соликони раҳи надиҳади каси нишони мо
از سالکان ره ندهد کس نشان ما
Нодида кард ҳар нафас аз лутфи айби пӯш
نادیده کرد هر نفس از لطف عیب پوش
Чандини ҷафо ки дид зи мо длстони мо
چندین جفا که دید ز ما دلستان ما
Не ҳамдамӣ хушаст , ки то рӯзи растхез
نی همدمی خوشست، که تا روز رستخیز
Бо дӯстон ҳадис кунад достони мо
با دوستان حدیث کند داستان ما
Дар оташи ту мунтазир об раҳматем
در آتش تو منتظر آب رحمتیم
Соқӣ , биор ҷом май арғавони мо
ساقی، بیار جام می ارغوان ما
Биҳкмтии ғариби вҳдисӣ аҷиб нест
بیحکمتی غریب وحدیثی عجیب نیست
Шодии як замону ғами ҷовдони мо
شادی یک زمان و غم جاودان ما
Ҳиммати нигар , ки аз олам фароғатанд
همت نگر، که از عالم فراغتند
Дардии кашони кӯчаи дайри Муғони мо
دردی کشان کوچه دیر مغان ما
Бисёр фикр кард ва надонист шама Эй
بسیار فکر کرد و ندانست شمه ای
Дар лутфи он даҳони хиради хурдаи дони мо
در لطف آن دهان خرد خرده دان ما
Гуфтам ки : қосимӣ чаҳ касаст ? эй муроди ҷон
گفتم که: قاسمی چه کسست؟ ای مراد جان
Гуфто ки : ринди зиндаи дили каси мадони мо
گفتا که: رند زنده دل کس مدان ما