Бода арзон шуд ва зӯҳҳод харобанду ибоб

باده ارزان شد و زهاد خرابند و یباب

Соқӣ , аз ҷоми булӯрӣни ту ҷонро дарёб

ساقی، از جام بلورین تو جان را دریاب

намеравад умри броҳӣ ки намеояд боз

می رود عمر براهی که نمی آید باز

Ин дамӣ чанд ки боқӣаст бамии хонаи шитоб

این دمی چند که باقیست بمی خانه شتاب

Бода ар дил шуду дил ҷон шуду ҷон ҷонон шуд

باده ار دل شد و دل جان شد و جان جانان شد

Ин ҳамаи сури ҳама нола чангасту рубоб

این همه سور همه ناله چنگست و رباب

Ошёнисти ҳарифони турои маҷлиси инс

آشیانیست حریفان ترا مجلس انس

Соибонисти муҳибони турои зилли саҳоб

سایبانیست محبان ترا ظل سحاب

Пеши асҳоби тариқати сухан аз лоу нъм

پیش اصحاب طریقت سخن از لا و نعم

Назд султони ҳақиқат на савол ва на ҷавоб

نزد سلطان حقیقت نه سؤال و نه جواب

Дили бҷонони даҳу таҷреди шӯ аз ҳар ду ҷаҳон

دل بجانان ده و تجرید شو از هر دو جهان

Дилу ҷонро бурҳонии магар аз зли ҳиҷоб

دل و جان را برهانی مگر از ذل حجاب

Қосимиро ғараз инаст ки дар малики вуҷӯд

قاسمی را غرض اینست که در ملک وجود

Хештанро бишносӣ , ки тўӣии лаби лбоб

خویشتن را بشناسی، که توئی لب لباب