Ногуфта монад сад сухани орзӯи маро
ناگفته ماند صد سخن آرزو مرا
Лаби бастаи ноумедии азин гуфтугӯи маро
لب بسته ناامیدی ازین گفتگو مرا
Дар чашми халқи бас ки маро хор карда Эй
در چشم خلق بس که مرا خوار کردهای
Нашносад об рӯй , кас аз оби ҷӯи маро
نشناسد آب روی، کس از آب جو مرا
Давр аз ту кори ханҷар алмос ме кунад
دور از تو کار خنجر الماس میکند
Соқигар об Хизр кунад дар гулӯи маро
ساقی گر آب خضر کند در گلو مرا
Ман дил ба хол ва хат надаҳум меҳр пеша кун
من دل به خال و خط ندهم مهر پیشه کن
Булбули ним ки маст кунад рангу бӯи маро
بلبل نیم که مست کند رنگ و بو مرا
Паймони мо ба бода дуруст аст дода анд
پیمان ما به باده درست است دادهاند
Рӯзи нахусти даст ба дасти сабуи маро
روز نخست دست به دست سبو مرا
Хӯрдам ҳазор захми намоёни зи тир ӯ
خوردم هزار زخم نمایان ز تیر او
Ҳаргиз набӯд лутфи чунин , чашми азуи маро
هرگز نبود لطف چنین، چشم ازو مرا
Қудсӣ чаҳ ҳоласт ки олӯда тар шавам
قدسی چه حال است که آلودهتر شوم
Ҳарчанд об дида кунад шустушӯи маро
هرچند آب دیده کند شستشو مرا