Мӯнисам ёраст андари тангнои гӯри танг

مونسم یار است اندر تنگنای گور تنگ

Ошиқон , дар дўҷҳони моро басаст ин ному нанг

عاشقان ، در دوجهان ما را بس است این نام و ننگ

Оташ дӯзах бисӯзад аз ҳароратҳои ишқ

آتش دوزخ بسوزد از حرارتهای عشق

Ошиқ сӯзон кунад дар дӯзах ар як дами диранг

عاشق سوزان کند در دوزخ ار یک دم درنگ

Он чаҳ нурӣ буд оё кӯ ба кӯҳ тавр тофт

آن چه نوری بود آیا کو به کوه طور تافت

Рафт аз ӯ Мӯсои зи ҳушу пораи пораи гашти санг

رفت از او موسی ز هوش و پاره پاره گشت سنگ

Ҳеҷ донистӣ ки бо Юнус дар ин дарё чаҳ кард

هیچ دانستی که با یونس در این دریا چه کرد

Кови рафиқу мӯнис ӯ буд дар батни наҳанг

کاو رفیق و مونس او بود در بطن نهنگ

Ҳасани Юсуф азкҷо бӯдааст кӯи дил май рабӯд

حسن یوسف ازکجا بوده است کو دل می ربود

Аз мусулмонони шаҳри Мисру куффори фаранг

از مسلمانان شهر مصر و کفار فرنگ

Ҳаст боғ ӯ дарахти мива дар ваии садҳазор

هست باغ او درخت میوه در وی صدهزار

Як тарафи он миваҳоро чидаи андари танги танг

یک طرف آن میوه ها را چیده اندر تنگ تنگ

Грҷмоли ҳақи таъолӣ орзӯ дорад касе

گرجمال حق تعالی آرزو دارد کسی

Гӯ бирав ойинаи дилро бизан сайқали зи занг

گو برو آئینه دل را بزن صیقل ز زنگ

Муштарӣ аз лутфи ту бсёрў аз қаҳри ту кам

مشتری از لطف تو بسیارو از قهر تو کم

Зонка ҳар мардӣ наёяд пеши саф дар рӯзи ҷанг

زانکه هر مردی نیاید پیش صف در روز جنگ

Чиз дигар ҳаст бо ҳар рӯзи андари коинот

چیز دیگر هست با هر روز اندر کائنات

Он ба даст кист бингар андари онкаси зани ту чанг

آن به دست کیست بنگر اندر آنکس زن تو چنگ

Ман забон қол дорам ӯ забони ҳол ро

من زبان قال دارم او زبان حال را

Аз дили маҷрӯҳ не бишинав ту не аз ноӣу чанг

از دل مجروح نی بشنو تو نی از نای و چنگ

Хӯрдаам май чашм махмурам бибину сар дар ор

خورده ام می چشم مخمورم ببین و سر در آر

Кӯи хумор бода дорад нест ӯ махмури банг

کو خمار باده دارد نیست او مخمور بنگ

Рехти соқии ҷоми бода дар даҳони ҷони мҳиӣ

ریخت ساقی جام باده در دهان جان محیی

Кам нашуд мастии он май аз дил ӯ ҳеҷ ранг

کم نشد مستیّ آن می از دل او هیچ رنگ