Ёди онрўзикаҳи касро раҳ дар ин маҳзар набӯд
یاد آنروزیکه کس را ره در این محضر نبود
Моу дил будему ғайр аз мо касе дигар набӯд
ما و دل بودیم و غیر از ما کسی دیگر نبود
Ошно бо лаъли дилҷӯии ту ҳар шаб то саҳар
آشنا با لعل دلجوی تو هر شب تا سحر
Вақти мастии ҷузи лаби моу лаб соғар набӯд
وقت مستی جز لب ما و لب ساغر نبود
Дар хами зулфи гиреҳгири ту чун банду шикан
در خم زلف گرهگیر تو چون بند و شکن
Ин ҳамаи дили рехта бар рӯй якдигар набӯд
این همه دل ریخته بر روی یکدیگر نبود
Ҷузи забони шонау дасти ману боди сабо
جز زبان شانه و دست من و باد صبا
Дасти кас бо зулфи мишкӣни ту бозигар набӯд
دست کس با زلف مشکین تو بازیگر نبود
Зулфи ҷодӯят бад-инсон ҷодўӣӣ дар сар надошт
زلف جادویت بدینسان جادوئی در سر نداشت
Чашми ҳиндӯяти чунин таррору ҳиялат гар набӯд
چشم هندویت چنین طرار و حیلت گر نبود
Қиссаҳо аз биўФоӣиҳои ту бо ошиқон
قصه ها از بیوفائی های تو با عاشقان
Бар забонҳо гуфта шуд лекини маро бовар набӯд
بر زبانها گفته شد لیکن مرا باور نبود
Дӯш дар мастии бъзми куштан мо хост лек
دوش در مستی بعزم کشتن ما خاست لیک
Мардум аз ҳасрат ки дар дасташ чаро ханҷар набӯд
مردم از حسرت که در دستش چرا خنجر نبود
Чеҳри зарду ашки гулгунами баҳоу қӣматӣ
چهر زرد و اشک گلگونم بها و قیمتی
Дошт дар назд туу ҳоҷат ба сим ва зар набӯд
داشت در نزد تو و حاجت به سیم و زر نبود