Он чашми мастро ки ду сад чашм дар пай аст
آن چشم مست را که دو صد چشم در پی است
Ҳар фитнае ки ҳаст ба зери сар вай аст
هر فتنهای که هست به زیر سر وی است
Меҳрати бъзўи узви ман эй моҳи меҳри хуй
مهرت بعضو عضو من ای ماه مهر خوی
Онсони гирифтаи ҷой ки чун ншأаҳ дар май аст
آنسان گرفته جای که چون نشأه در می است
Мо масти бода ӣ дигарем эй фақиҳи шаҳр
ما مست باده ی دگریم ای فقیه شهر
Неи зи он мӣӣ ки дар хами ҷамшед ё кӣ аст
نی ز آن مئی که در خم جمشید یا کی است
Шӯи масти ҳақ чу мо , ки шӯии мустаҳаққи афв
شو مست حق چو ما، که شوی مستحق عفو
Прҳизкории ту аз ин бода то кӣаст ?
پرهیزکاری تو از این باده تا کی است؟
Ҳаркас ба асри хеш карам дошт , ҳотам аст
هرکس به عصر خویش کرم داشت، حاتم است
Мутлақ магӯ ки шоҳи карами ҳотам тай аст
مطلق مگو که شاه کرم حاتم طی است
Дар роҳи ишқи шикваи намӯдани з беш ва кам
در راه عشق شکوه نمودن ز بیش و کم
Кор касе буд ки ба як мағз чун не аст
کار کسی بود که به یک مغز چون نی است
Гар ман зи срдмҳрии ёрони дилами Фсрд
گر من ز سردمهری یاران دلم فسرد
Манъам макун ки ҳар шаҷари афсурда дар дай аст
منعم مکن که هر شجر افسرده در دی است
Аҳли назар ълониаҳ донанд кончаҳ ро
اهل نظر علانیه دانند کآنچه را
Манзур ( собири ҳамадонӣ )аст дар рай аст
منظور (صابر همدانی) است در ری است