Чу ғунчаи вақти саҳари ҳала пӯш ме ояд

چو غنچه وقت سحر حلّه‌پوش می‌آید

Навой булбули мастам ба гӯш ме ояд

نوای بلبل مستم به گوش می‌آید

Гул аз киришмагарӣ сурх рӯй ме гардад

گل از کرشمه‌گری سرخ‌روی می‌گردد

Чу сарви бастаи қабо сабзпуш ме ояд

چو سرو بسته قبا سبزپوش می‌آید

Ба вақти субҳи зи боди баҳори пиндорӣ

به وقت صبح ز باد بهار پنداری

Ки буии табла ънбрФрўш ме ояд

که بوی طبلهٔ عنبرفروش می‌آید

зи сӯзи нолаи булбули миёни лолау гул

ز سوز ناله بلبل میان لاله و گل

Чу лолаи хӯни дили ман ба ҷӯш ме ояд

چو لاله خون دل من به جوش می‌آید

Дилам бинолад ва аз ман хурӯш бархезад

دلم بنالد و از من خروش برخیزد

Чу булбулӣ ба саҳар дар хурӯш ме ояд

چو بلبلی به سحر در خروش می‌آید

Чу андалеб занад ноӣ ва лола гирад ҷом

چو عندلیب زند نای و لاله گیرد جام

Дар он дамами ҳавас ноӣ ва нӯш ме ояд

در آن دمم هوس نای و نوش می‌آید

Ба буии боди саҳар каз диёри дӯсти вазад

به بوی باد سحر کز دیار دوست وزد

Дили рамидаи ман боз ҳуш ме ояд

دل رمیده من باز هوش می‌آید