Бе ману ғайр агар бода хӯрд нӯшаши бод
بی من و غیر اگر باده خورد نوشش باد
Ёди ман гӯ накунад ғайри фаромӯшаши бод
یاد من گو نکند غیر فراموشش باد
Ёр беғайр ки май дар қадаҳаш хӯн гардад
یار بیغیر که می در قدحش خون گردد
Хӯни мангар ҳамаи резад ба қадаҳи нӯшаши бод
خون من گر همه ریزد به قدح نوشش باد
Сарв агар ҷилва кунад бо тани урён ба чаман
سرو اگر جلوه کند با تن عریان به چمن
Шармӣ аз ҷилваи он сарви қабои пӯшиши бод
شرمی از جلوهٔ آن سرو قبا پوشش باد
Дӯш мегуфт ки хӯнати шаби дигари резам
دوش میگفت که خونت شب دیگر ریزم
Имшаби умед ки ёд аз сухани дӯшаши бод
امشب امید که یاد از سخن دوشش باد
Нанг ёраст ки ёди орад аз ағёри мудом
ننگ یار است که یاد آرد از اغیار مدام
Номи ин фирқаи бадноми фаромӯшаши бод
نام این فرقهٔ بدنام فراموشش باد
Дил ки ху карда ба андӯҳи фироқати ҳамаи умр ,
دل که خو کرده به اندوهِ فراقت همه عمر،
Бо хаёлати ҳамаи шаби даст дар оғӯшаши бод
با خیالت همه شب دست در آغوشش باد
Ҳотиф аз ҷаври ту дам меназанад лек ту ро
هاتف از جور تو دم مینزند لیک تو را
Шармӣ аз чашми пари обу лаби хомӯшаши бод
شرمی از چشم پر آب و لب خاموشش باد