Расед ёр ва надидем рӯй ёри афсӯс
رسید یار و ندیدیم روی یار افسوس
Гузашти рӯзу шаби мо ба интизори афсӯс
گذشت روز و شب ما به انتظار افسوس
Гузашти умри гиронмоя дар фироқи дареғ
گذشت عمر گرانمایه در فراق دریغ
Насиб ғайр шуд охири висоли ёри афсӯс
نصیب غیر شد آخر وصال یار افسوس
Гирист умрӣу охири зи биўФоӣии чарх
گریست عمری و آخر ز بیوفائی چرخ
Надид рӯй туро чашми ашкбори афсӯс
ندید روی تو را چشم اشکبار افسوس
Хазон чу бугзарад аз пай баҳор ме ояд
خزان چو بگذرد از پی بهار میآید
Хазон умр надорад зи паии баҳори афсӯс
خزان عمر ندارد ز پی بهار افسوس
Ба хоки ҳотифи мискини гузашт ва гуфт он шӯх
به خاک هاتف مسکین گذشت و گفت آن شوخ
Азин ҷФокши нокоми сад ҳазор афсӯс
ازین جفاکش ناکام صد هزار افسوس