Оҳ ки аз ҷавр фалак шуд ба бод

آه که از جور فلک شد به باد

Тозаи гули хуррами боғи ҷаҳон

تازه گل خرم باغ جهان

Оҳ ки бар хоки ҳалоки аўФтод

آه که بر خاک هلاک اوفتاد

Сарви сеӣ қомати ин бӯстон

سرو سهی قامت این بوستان

Рафт Маҳмадалии он тозаи гул

رفت محمدعلی آن تازه گل

Дар чамани даҳр ба боди хазон

در چمن دهر به باد خزان

Ҳайф аз он гавҳари якто ки кард

حیف از آن گوهر یکتا که کرد

Ҷо ба дили хоки азин хокдон

جا به دل خاک ازین خاکدان

Ҳайф аз он кавкаби рахшон ки сохт

حیف از آن کوکب رخشان که ساخت

Даври сипеҳраши зи назарҳо ниҳон

دور سپهرش ز نظرها نهان

Чун ба ҷавонии зи ҷаҳони хароб

چون به جوانی ز جهان خراب

Гашти равони сӯии риёзи ҷинон

گشت روان سوی ریاض جنان

Ҳотифи длхстаҳ ки дар мотамаш

هاتف دلخسته که در ماتمش

Дошт шабу рӯзи хурӯшу фиғон

داشت شب و روز خروش و فغان

Гуфт ба таърих ки сӯии ҷинон

گفت به تاریخ که سوی جنان

Рафт Маҳмадалии навҷавон

رفت محمدعلی نوجوان