эй ба табъи ту ифтихори сухан
ای به طبع تو افتخار سخن
Қаламати офаридагори сухан
قلمت آفریدگار سخن
Аз нами ҷӯйбори хомаи ту
از نم جویبار خامهٔ تو
Тоза рӯе кунад баҳори сухан
تازه رویی کند بهار سخن
Ҷузи мидодат ки ршҳаҳ файз аст
جز مدادت که رشحهٔ فیض است
Нашканад бодае хумори сухан
نشکند باده ای خمار سخن
Кунад аз хату холи хомаи ту
کند از خطّ و خال خامهٔ تو
Дили рабояндагии изори сухан
دل ربایندگی عذار سخن
Аз мидоди ту , ънброгин аст
از مداد تو، عنبرآگین است
Шикани зулфи тобдори сухан
شکن زلف تابدار سخن
Ба сарангушт хома бигушое
به سرانگشت خامه بگشایی
Гиреҳӣ гар фитад ба кори сухан
گرهی گر فتد به کار سخن
Гавҳари баҳри табъи шодобат
گوهر بحر طبع شادابت
Оради обӣ ба рӯй кори сухан
آرد آبی به روی کار سخن
Тирагӣ дошт дар замонаи ду чиз
تیرگی داشت در زمانه دو چیز
Рӯзи доноу рӯзгори сухан
روز دانا و روزگار سخن
Аз ту имрӯз , қисту доноӣ
از تو امروز، قسط و دانایی
Комили афтода чун айёри сухан
کامل افتاده چون عیار سخن
Партави илтифоти ҳиммати ту
پرتو التفات همّت تو
Равшании бахши рӯзи тори сухан
روشنی بخش روز تار سخن
Нуқтаи интихоби хомаи ту
نقطهٔ انتخاب خامهٔ تو
Офтобии сети даркинории сухан
آفتابی ست درکنار سخن
Рақамати навбаҳори гулшани файз
رقمت نوبهار گلشن فیض
Қаламати сарви ҷӯйбори сухан
قلمت سرو جویبار سخن
Аз навой неи ту дар шӯранд
از نوای نی تو در شورند
Хуши сафирони шохсори сухан
خوش صفیران شاخسار سخن
Аз ту дастон сарое омӯзанд
از تو دستان سرایی آموزند
Андалебони навбаҳори сухан
عندلیبان نوبهار سخن
Сабқат аз туаст бар сухани санҷон
سبقت از توست بر سخن سنجان
Чун ту набӯд қалами савори сухан
چون تو نبود قلم سوار سخن
Назанад дилнишинтар аз ту касе
نزند دلنشین تر از تو کسی
Сиккаи бркомли алъёри сухан
سکه برکامل العیار سخن
То ба ҷайбу канор ман кардӣ
تا به جیب و کنار من کردی
Гавҳар аз баҳр бе канори сухан
گوهر از بحر بی کنار سخن
Дили зи дастам ба ҳасани маънии барад
دل ز دستم به حسن معنی برد
Хату холи самани изори сухан
خطّ و خال سمن عذار سخن
Чаҳ кунам дар иваз агар накунам
چه کنم در عوض اگر نکنم
Хурдаи ҷони худ нисори сухан ?
خردهٔ جان خود نثار سخن؟