Ёр агар марҳами доғи дил маҳзун нашавад
یار اگر مرهم داغ دل محزون نشود
Бо чунин доғи дилам хӯн нашавад чун нашавад ?
با چنین داغ دلم خون نشود چون نشود؟
Ҷузи дили сахти ту хӯн шуд ҳамаи дилҳо зи ғамам
جز دل سخت تو خون شد همه دلها ز غمم
Дили магари санг буд каз ғами ман хӯн нашавад
دل مگر سنگ بود کز غم من خون نشود
Ин ки бо мо ситамат кам нашавад бокӣ нест
این که با ما ستمت کم نشود باکی نیست
Кӯшиши мо ҳама инаст ки : афзӯн нашавад
کوشش ما همه اینست که: افزون نشود
Гар басари манзили Лайлии гузарӣ , ҷилваи кунон
گر بسر منزل لیلی گذری، جلوه کنان
Нест мумкин ки : туро бинад ва маҷнӯн нашавад
نیست ممکن که: ترا بیند و مجنون نشود
Бскаҳ дар нолаам аз гардиши гардуни ҳамаи шаб
بسکه در ناله ام از گردش گردون همه شب
Ҳеҷ шаб нест ду сад нола бгрдўн нашавад
هیچ شب نیست دو صد ناله بگردون نشود
Гуфтае : хӯни ту резам , чаҳ саодат ба азин ?
گفته ای: خون تو ریزم، چه سعادت به ازین؟
Нияти хайри ту , ёрб , ки дигаргун нашавад
نیت خیر تو، یارب، که دگرگون نشود
Воъзо , тарк ҳилолӣ кун ва афсона махон
واعظا، ترک هلالی کن و افسانه مخوان
Куштаи ишқ батон зинда бофусун нашавад
کشته عشق بتان زنده بافسون نشود