Ман на онам ки дили хеш мушавваш дорам

من نه آنم که دل خویش مشوش دارم

Ҳар куҷо нохушӣӣ ҳаст ба ӯ хуш дорам

هر کجا ناخوشیی هست به او خوش دارم

Гар сегон сари он кӯй кабобӣ талабанд

گر سگان سر آن کوی کبابی طلبند

Пораи созами дили пари хӯн ва бар оташ дорам

پاره سازم دل پر خون و بر آتش دارم

Чаҳ балоҳо ки дили зорам аз он ма накашид ?

چه بلاها که دل زارم از آن مه نکشید؟

Аллоҳ , аллоҳ ! чаҳ дили зори бало каш дорам !

الله، الله! چه دل زار بلا کش دارم!

То турои сафҳаи дил сода шуд аз нақши вафо

تا ترا صفحه دل ساده شد از نقش وفا

Варақи чеҳраи бхўноб мунаққаш дорам

ورق چهره بخوناب منقش دارم

Аз ман имрӯз , ҳилолӣ , матлаби хотири ҷамъ

از من امروز، هلالی، مطلب خاطر جمع

Ки дили ошуфтаи он зулф мушавваш дорам

که دل آشفته آن زلف مشوش دارم