Орифӣ гуфт ҳар ки ёрам шуд

عارفی گفت هر که یارم شد

Хасми ҷон умедворам шуд

خصم جان امیدوارم شد

Ҷавҳари ман муносиб худ ёфт

جوهر من مناسب خود یافت

Рӯем аз ҳақ ба ҷониб худ тофт

رویم از حق به جانب خود تافت

Марди ҳақ зон киро бтар донад

مرد حق زان که را بتر داند

Ки дилашро з ҳақ бигардонад

که دلش را ز حق بگرداند

Ваон ки бо ман з душманӣ зад дам

وان که با من ز دشمنی زد دم

Дӯстдор ман ӯст дар олам

دوستدار من اوست در عالم

Рӯем аз худ битофт дар ҳақ кард

رویم از خود بتافت در حق کرد

Қиблаам ваҷҳи ҳақ мутлақ кард

قبله ام وجه حق مطلق کرد

Ки азон ба ба пеши ошиқи зор

که ازان به به پیش عاشق زار

Ки кунад рӯй ӯ ба ҷониби ёр

که کند روی او به جانب یار

Душманони худо ба мазҳаби ман

دشمنان خدا به مذهب من

Дӯстонанду дӯстони душман

دوستانند و دوستان دشمن

То ту дар банди нафаси васвосӣ

تا تو در بند نفس وسواسی

Душмани худ з дӯст нашиносӣ

دشمن خود ز دوست نشناسی

Нест бар раҳравони стмгораҳ

نیست بر رهروان ستمگاره

Ҳеҷ душмани зи нафаси аммора

هیچ دشمن ز نفس اماره