Дошт пӯри сбктгини ду ғулом

داشت پور سبکتگین دو غلام

Глрху лола рӯйу сарви хиром

گلرخ و لاله روی و سرو خرام

Ҳар ду дар пилаи баҳои ҳамсанг

هر دو در پله بها همسنگ

Ҳар ду дар ҳалаи сафои икрнг

هر دو در حله صفا یکرنگ

Бо яке буд шоҳро назарӣ

با یکی بود شاه را نظری

Ки набӯд он назар бидон дгарӣ

که نبود آن نظر بدان دگری

Зонка медид лоиҳши зи ҷабин

زانکه می دید لایحش ز جبین

Сари давлат ба чашми охири байн

سر دولت به چشم آخر بین

Кас бар он сар чу итилоъ надошт

کس بر آن سر چو اطلاع نداشت

Он тафовути газоф май пиндошт

آن تفاوت گزاف می پنداشت

Буд сад гуфту гӯи миёни сипоҳ

بود صد گفت و گو میان سپاه

Ки сабаб чист дар тафовути шоҳ

که سبب چیست در تفاوت شاه

Пеши фаҳми салиму ақли саҳеҳ

پیش فهم سلیم و عقل صحیح

Кӣ сазад бе мрҷҳии тарҷеҳ

کی سزد بی مرجحی ترجیح

Ду гуҳар ҳар ду ҳосил аз як кон

دو گهر هر دو حاصل از یک کان

Ҳар ду дар қимату сафои яксон

هر دو در قیمت و صفا یکسان

Чун яке шуд нишонда дар афсар

چون یکی شد نشانده در افسر

Ваон дигар мари қаллодаро зевар

وان دگر مر قلاده را زیور

Ҳар касе мӯҷиб дигар ме гуфт

هر کسی موجب دگر می گفت

Гавҳари нукта дигар май сифт

گوهر نکته دگر می سفت

Он яке гуфт шоҳ бебадал аст

آن یکی گفت شاه بی بدل است

Зоту феълаши муназзаҳ аз илал аст

ذات و فعلش منزه از علل است

Он ки мақбул шуд ба қурбу вусӯл

آن که مقبول شد به قرب و وصول

Кони ман ғайри мӯҷиби лқбўл

کان من غیر موجب لقبول

Ваон ки мардӯд шуд ба баъду ғазаб

وان که مردود شد به بعد و غضب

Кони ман ғайри иллату сабаб

کان من غیر علت و سبب

Ваон дигар дод илм ва дониш дод

وان دگر داد علم و دانش داد

Гуфт бошад тариқи ишқу вдод

گفت باشد طریق عشق و وداد

Мубтанӣ бар муносибат дар зот

مبتنی بر مناسبت در ذات

ё дар асмоءи зоту феълу сифот

یا در اسماء ذات و فعل و صفات

Ҳар куҷои ин муносиботи афзӯн

هر کجا این مناسبات افزون

Нашъаи ишқ бешу ҷазби дарун

نشئه عشق بیش و جذب درون

Ваон дигар гуфт чанд баҳсу ҷадал

وان دگر گفت چند بحث و جدل

Млҳмоннди соҳибони дувал

ملهمانند صاحبان دول

Шоҳ бошад ба розҳо мулҳам

شاه باشد به رازها ملهم

Ки буд мари сипоҳро мубҳам

که بود مر سپاه را مبهم

Пеш ӯ ҳаст сари кори аён

پیش او هست سر کار عیان

Гар ндонанд дигарон чаҳ зиён

گر ندانند دیگران چه زیان

Сад азин қисса балки афзӯни ҳам

صد ازین قصه بلکه افزون هم

Май гузашти андари он сипоҳу ҳашам

می گذشت اندر آن سپاه و حشم

Ваон ҳама буд аз фаросати шоҳ

وان همه بود از فراست شاه

Нақд дар кӣса киёст шоҳ

نقد در کیسه کیاست شاه

Ҳар чаҳ шан дар замир ме гардид

هر چه شان در ضمیر می گردید

Ҳама дар лавҳ чеҳрашон ме дид

همه در لوح چهرشان می دید

Ончии нодон ба гуфт ва гӯ донад

آنچه نادان به گفت و گو داند

Хурдаи байн аз ҷабин фурӯ хонд

خرده بین از جبین فرو خواند

Рӯз ва шаб дошт иҳтимоми тамом

روز و شب داشت اهتمام تمام

Ки кунад имтиҳони он ду ғулом

که کند امتحان آن دو غلام

То шавад фоши пеши душману дӯст

تا شود فاش پیش دشمن و دوست

Ки дар он қиссаи ҳақ ба ҷониб ӯст

که در آن قصه حق به جانب اوست

Лек ҳамвора мунтазир май буд

لیک همواره منتظر می بود

То шавад вақти имтиҳони мавҷӯд

تا شود وقت امتحان موجود

Пай набарда ба вақти кори нахуст

پی نبرده به وقت کار نخست

Ноед аз марди кори кори дуруст

ناید از مرد کار کار درست

Зери айвони чархи буқаламун

زیر ایوان چرخ بوقلمون

Кули амри бўқтаҳи марҳӯн

کل امر بوقته مرهون