Пеш азон рӯзӣ ки гардуни хоки одам май сиришт
پیش ازان روزی که گردون خاک آدم می سرشت
Ишқ дар обу гулами тухми таманнои ту кишт
عشق در آب و گلم تخم تمنای تو کشت
Пой то сари ҷумлаи Лутфии гӯйии устоди азал
پای تا سر جمله لطفی گویی استاد ازل
Тинати пакет на зи обу гули зи ҷону дили сиришт
طینت پاکت نه ز آب و گل ز جان و دل سرشت
Рӯй бинмо то ба тоқи абрӯяти оранд рӯй
روی بنما تا به طاق ابرویت آرند روی
Тоъатандишон зи масҷид бут прессатон аз кунишат
طاعت اندیشان ز مسجد بت پرستان از کنشت
Ҳеҷ бовари номуддат ҳар чанд чашм хӯн фишон
هیچ باور نامدت هر چند چشم خون فشان
Бар дару девори он кӯи шарҳи шавқ мо навишт
بر در و دیوار آن کو شرح شوق ما نوشت
Гар нагаштам куштаи ту коши бории баъди марг
گر نگشتم کشته تو کاش باری بعد مرگ
Баҳри қабри куштагонати хоки ман созанди хишт
بهر قبر کشتگانت خاک من سازند خشت
Хезу хӯнами резу фарши лаъли густари зери пой
خیز و خونم ریز و فرش لعل گستر زیر پای
Чун бисоти умрами охири чарх дар хоҳад навишт
چون بساط عمرم آخر چرخ در خواهد نوشت
Дар биҳишти насяи халқии бастаи дили лекин ба нақд
در بهشت نسیه خلقی بسته دل لیکن به نقد
Ҳар куҷо дидор туаст онаст ҷомиро биҳишт
هر کجا دیدار توست آنست جامی را بهشت