Бар рухи зардам на ашкаст ин ки гулгун ме равад
بر رخ زردم نه اشک است این که گلگون میرود
Шуд дилами риш аз ғамати вази риши дил хӯн ме равад
شد دلم ریش از غمت وز ریش دل خون میرود
Гар дилам шуд рахна аз теғи ҷафоят бок нест
گر دلم شد رخنه از تیغ جفایت باک نیست
Ҷонам аз зиндони ғам зон рахна берун ме равад
جانم از زندان غم زان رخنه بیرون میرود
Бар тани зорам замин шуд бе ту танг эй коши даст
بر تن زارم زمین شد بیتو تنگ ای کاش دست
намезанад дар домани оҳ ва ба гардун ме равад
میزند در دامن آه و به گردون میرود
Мо миёни бори андӯҳ ва ту бо осӯдагон
ما میان بار اندوه و تو با آسودگان
Кӯҳкан дар кӯҳу ширини гашт ҳомӯн ме равад
کوهکن در کوه و شیرین گشت هامون میرود
Пӯсти баҳри ғайри пӯшад варна Лайлӣ воқиф аст
پوست بهر غیر پوشد ورنه لیلی واقف است
Дар ҳарими ҳӣ ба ҳар шаклӣ ки маҷнӯн ме равад
در حریم حی به هر شکلی که مجنون میرود
Хонда Эй донам ки беҷӯ меравад оби биҳишт
خواندهای دانم که بیجو میرود آب بهشت
Лутфи он қади байн ки бар рӯй замин чун ме равад
لطف آن قد بین که بر روی زمین چون میرود
Чун сухан дар васфи он дандон равад онҷо чаҳ лутф
چون سخن در وصف آن دندان رود آنجا چه لطف
Назми ҷомиро сухан дар дар макнун ме равад
نظم جامی را سخن دَر دُرّ مکنون میرود