Шуд маи ид аз шафақ чун ҷоми зари бози ошкор

شد مه عید از شفق چون جام زر باز آشکار

Яъне аз оби шафақи гавани ҷоми зари холии мадор

یعنی از آب شفق گون جام زر خالی مدار

Чарх бо қади нигун солӣ кашад доман ба хӯн

چرخ با قد نگون سالی کشد دامن به خون

То шабии оради чунин фархундаи моҳӣ дар канор

تا شبی آرد چنین فرخنده ماهی در کنار

Тухми ъушрати зи об май равед ба хоки майкада

تخم عشرت ز آب می روید به خاک میکده

эй ки дории дастраси тухмии дарин мазраъи бакор

ای که داری دسترس تخمی درین مزرع بکار

Ташна лаб мардем соқии ҷуръае бар мо фишон

تشنه لب مردیم ساقی جرعه ای بر ما فشان

Хушк шуд кишт эй саҳоби лутфи боронии бабор

خشک شد کشت ای سحاب لطف بارانی ببار

Шишаи соф ар набошад гӯи суфоли дрдбош

شیشه صاف ار نباشد گو سفال دردباش

Ринди дарди ошомро бо ин такаллуфҳо чаҳ кор

رند درد آشام را با این تکلف ها چه کار

Ҳоли мо дар базми риндон аз майу шоҳид хуш аст

حال ما در بزم رندان از می و شاهد خوش است

Мӯҳтасиби баҳри худои моро ба ҳоли мо гузор

محتسب بهر خدا ما را به حال ما گذار

Сари фурӯи бурдан ба далқи зуҳди ҷомӣ то ба кӣ

سر فرو بردن به دلق زهد جامی تا به کی

Ид шуд пои хамии гир ва ба ъушрати срброр

عید شد پای خمی گیر و به عشرت سربرآر