Бикшод ниқоб аз рухи гули боди баҳорон

بگشاد نقاب از رخ گل باد بهاران

Шуд тарафи чамани бзмгаҳи бода гусорон

شد طرف چمن بزمگه باده گساران

Шуд лолаи ситони гирди гул аз бас ки ниҳоданд

شد لاله ستان گرد گل از بس که نهادند

Рӯи сӯии тамошои чамани лолаи изорон

رو سوی تماشای چمن لاله عذاران

Дар мавсими гули тавбаи з медайр напояд

در موسم گل توبه ز می دیر نپاید

Ёдаст марои ин сухан аз таҷрибаи корон

یاد است مرا این سخن از تجربه کاران

Аз сбҳаҳи шуморони матлаби гавҳари мақсӯд

از سبحه شماران مطلب گوهر مقصود

Комади садафи он кафи ангўрФшорон

کامد صدف آن کف انگورفشاران

Бар суҳбати гул дил манеҳ эй мурғ ки чун ту

بر صحبت گل دل منه ای مرغ که چون تو

Гаштанди дарин боғ ва гузаштанд ҳазорон

گشتند درین باغ و گذشتند هزاران

Аз гумшудагони зер гул омад ба ту сабза

از گمشدگان زیر گل آمد به تو سبزه

Ҳамчун хати ёрон ки нависанд ба ёрон

همچون خط یاران که نویسند به یاران

Байн ғунча нашукуфта ки оварад ба сӯят

بین غنچه نشکفته که آورد به سویت

Сарбастаи паёмии зи дили синаи фигорон

سربسته پیامی ز دل سینه فگاران

Ҷомӣ наравад сӯзи ту аз сина ба гиря

جامی نرود سوز تو از سینه به گریه

Доғи дил лола нашавад шаста ба борон

داغ دل لاله نشود شسته به باران